25 साल से बंद सड़क खुलने पर नलसर पंचायत में खुशी मनाते ग्रामीण और जन प्रतिनिधि। स्त्रोत:जागरूक
बग्गी (मंडी)। ढाई दशक से बंद पड़ी सड़क बहाल होने से नलसर पंचायत के आठ गांवों के करीब 700 से 800 लोगों को बड़ी राहत मिली है। पंचायत प्रतिनिधियों और जिला परिषद सदस्य डिंपल सैनी के प्रयासों से सड़क को खुलवाकर ग्रामीणों को समर्पित किया गया। इससे ग्रामीणों को आवागमन के साथ श्मशानघाट तक पहुंचने में भी सुविधा मिलेगी।
क्षेत्र में बड़े पैमाने पर सब्जियों का उत्पादन होता है। सड़क बहाल होने से किसानों को नकदी फसलें और सब्जियां बाजार तक पहुंचाने में आसानी होगी। इससे समय और परिवहन खर्च की बचत होगी। साथ ही किसानों की आर्थिकी को मजबूती मिलने की उम्मीद है।
करीब 25 वर्षों से सड़क बंद होने के कारण ग्रामीणों को आवाजाही में परेशानी झेलनी पड़ रही थी। सड़क खुलने पर ग्रामीणों ने खुशी जताई और पंचायत प्रतिनिधियों व डिंपल सैनी का आभार व्यक्त किया। उन्हें उम्मीद है कि इससे क्षेत्र में विकास कार्यों और कृषि गतिविधियों को गति मिलेगी।
एक व्यक्ति के कारण रुकी थी सड़क : सैनी
यह ग्रामीण सड़क एक व्यक्ति विशेष के कारण इतने वर्षों तक बंद रही। ग्रामीणों की मांग पर नलसर पंचायत के प्रतिनिधियों के सहयोग से इसे निर्बाध रूप से खुलवा दिया गया है। इससे बोरा गांव के किसानों सहित आम लोगों को सुविधा मिलेगी।
जिला परिषद सदस्य डिंपल सैनी, पंचायत प्रधान मीना देवी और उपप्रधान तेज सिंह के संयुक्त प्रयासों एवं सूझबूझ से सड़क खुलने पर क्षेत्र के लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई है। ग्रामीणों की ओर से नवीन कुमार, रमेश कुमार, राहुल कुमार, योगेश कुमार और भोला देवी ने सड़क बहाल होने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि इस सड़क के खुलने से बरसों से चली आ रही समस्या समाप्त हो गई है।