हमीरपुर। हिमाचल प्रदेश राजकीय अध्यापक संघ (एचजीटीयू) ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से हमीरपुर में मुलाकात की। संगठन ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि टीजीटी से लेक्चरर (स्कूल न्यू) के पदों पर प्रमोशन के लिए पांच सालों की रेगुलर टीजीटी सेवा शर्त को हटाकर इसे तीन वर्ष किया जाए। संघ के जिलाध्यक्ष संजीव ठाकुर के नेतृत्व में एक शिष्टमंडल ने मुख्यमंत्री को बताया कि पूर्व सरकार ने लेक्चरर प्रमोशन के लिए बेवजह ही पांच वर्षों की रेगुलर टीजीटी सेवा शर्त को लागू कर दिया था, जोकि व्यापक तौर पर शिक्षक हितों के विरुद्ध है। प्रदेश के अध्यापकों ने इस शर्त को तुरंत निरस्त किए जाने और इस शर्त को तीन वर्ष करने की मांग की थी। उन्होंने बताया कि टीजीटी कैडर में तीन से चार साल कांट्रेक्ट की सेवा के चलते यह शर्त शिक्षकों की नियमित प्रमोशन के लिए सबसे बड़ी बाधक बनी हुई है।
सैकड़ों टीजीटी शिक्षक इस शर्त की वजह से प्रमोशन से वंचित हो रहे थे। जबकि इस कैडर का भारी बैकलॉग चला हुआ है। किसी भी प्रमोशन के लिए रेगुलर सेवा अवधि की तीन वार्षिक गोपनीय रिपोर्ट की ही आवश्यकता होती है। लेक्चरर स्कूल न्यू के पदों पर टीजीटी कैडर में सेवारत टीजीटी की तीन वर्षीय सेवा अवधि को लागू किया जाना व्यापक जनहित में है। जिला अध्यक्ष ने कहा कि उनके संगठन की इस बात को प्रदेश के मुख्यमंत्री ने सहमति प्रदान की है जिससे हजारों शिक्षकों को राहत मिलेगी। लेक्चरर कैडर में भर्ती के लिए पचास फीसदी कोटा टीजीटी कैडर का है, जबकि इतनी ही भर्ती डायरेक्ट कोटे से होती है। विगत कुछ समय से कांट्रेक्ट भर्ती होने के कारण प्रमोशन के लिए इंतजार की अवधि लंबी हो गई थी। उन्होंने इस मांग को स्वीकार किए जाने पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का आभार जताया है। शिक्षकों के हितों को ध्यान में रखते हुए सीएम ने टीजीटी कैडर के हजारों शिक्षकों को राहत प्रदान की है। इस अवसर पर जिला के महासचिव राजकुमार, नादौन के अध्यक्ष मनोज शर्मा, महासचिव नरेश पटियाल, शशि शर्मा, हमीरपुर खंड के प्रधान देविंदर सिंह, महासचिव अश्वनी कुमार, अजय पाल, ओंकार अटल, बाबूराम, उपाध्यक्ष सुदर्शन कुमार, प्रदीप ठाकुर उपप्रधान, दिनेश कुमार, राजीव चंदेल, पवना शर्मा, अनिता चंदेल, महिला विंग की महासचिव मोनिका ठाकुर, ज्योति, अविनाश कुमारी, भोरंज के अध्यक्ष अजय शर्मा, कमलजीत, राकेश कुमार, सुजानपुर के प्रधान अरुण शर्मा, महासचिव अविनाश ठाकुर, वित्त सचिव गगन कुमार, बड़सर से राजेंद्र प्रसाद, अजय शर्मा और सुनील, हंसराज सोंखले, वित्त सचिव राज कुमार, विपन कुमार, मुकेश शर्मा, गुरबचन सिंह, अश्विनी, सुकेश, अक्षय शर्मा, महिंद्र सिंह, सुरजीत, संजीव चोपड़ा, दिली मुहम्मद, नसीर मुहम्मद सहित दर्जनों शिक्षक मौजूद रहे।