हमीरपुर। बस अड्डा परिसर के साथ मुख्य सड़क पर आठ परिवारों ने सीवरेज चैंबर में छतों के बारिश के पानी को डाल दिया है। मामला विभाग के ध्यान में होने के बावजूद भी कोई कार्रवाई न होना बड़ा सवाल बन गया है।
विभाग कार्रवाई करने के दावे कर नोटिस जारी करने का तर्क दे रहा है, लेकिन यह तर्क और दावे कई वर्षों से सड़कों पर बिखरी गंदगी की तरह की यथावत हैं।हल्की सी बारिश होने पर चैंबर से बारिश का पानी गंदगी के साथ ओवरफ्लो होकर मुख्य सड़क पर बह रहा है। महज बस स्टैंड ही नहीं शहर की अन्य जगहों पर भी लोगों ने छतों के बारिश के पानी को सीवरेज से जोड़ दिया है, जिससे वाहन चालकों के साथ राहगीरों को भी आवाजाही में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
चैंबर सड़क के बिल्कुल बीच में स्थित हैं। ऐसे में वाहनों के आने-जाने से चारों ओर गंदगी का आलम बना हुआ है। करीब छह माह से लोग लगातार जल शक्ति विभाग से समस्या का समाधान करने की मांग कर रहे हैं, लेकिन समाधान को लेकर विभागीय अधिकारी मूकदर्शक बने हुए हैं।
टैक्सी चालकों और राहगीरों का कहना कि सड़क से होकर प्रतिदिन सैकड़ों विद्यार्थी, दुकानदार व यात्री गुजरते हैं, जिससे उनको परेशान होना पड़ रहा है। विभाग की ओर से पिछले छह माह से समस्या को लेकर लागातार लापरवाही बरती जा रही है, जिसका खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है। सड़क पर गंदगी व साफ सफाई न होने से दुकानदारों का कारोबार भी प्रभावित हो रहा है। विभागीय लापरवाही के कारण भवन मालिक सीवरेज लाइन में बारिश के पानी का कनेक्शन दे रहे हैं। वहीं, सड़क पर पानी बहने के कारण जगह-जगह गड्ढे पड़ गए हैं, जिससे रात के समय दुर्घटनाओं का अंदेशा बना हुआ है।
कोट
परिवार के सदस्यों को स्वयं ही पाइपें हटाने के निर्देश दिए हैं। पाइपें न हटाने वाले परिवारों पर विभाग की ओर से कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इन परिवारों को नोटिस देकर उनके पेयजल पाइपलाइन व सीवरेज के कनेक्शन काटे जाएंगे।
-राकेश, एसडीओ, जल शक्ति विभाग, हमीरपुर
बस अड्डा हमीरपुर के साथ मुख्य सड़क पर सीवरेज चैंबर लीक होने से जमा हुआ गंदा पानी। संवाद- फोटो : मृतक श्रमिक के परिजनों को समझाती पुलिस।