बाबा बालक नाथ न्यास की वार्षिक बजट बैठक आज
कर्मचारियों को पेंशन लाभ और संस्थान में रिक्त पदों को लेकर आस
वर्षों से एक ही पद पर सेवाएं दे रहे कर्मचारियों को पदोन्नति की उम्मीद
सुशील शर्मा
दियाटसिद्ध(हमीरपुर)। उत्तरी भारत के प्रसिद्ध सिद्धपीठ बाबा बालक नाथ मंदिर दियोटसिद्ध न्यास की वार्षिक बजट बैठक सुबह 11 बजे मंदिर परिसर में आयोजित की जाएगी। तमाम विवादों के बाद न्यास की ओर से बजट बैठक का आयोजन किया जा रहा है। लोगों ने बजट बैठक में मंदिर के विकास और सुविधाओं में बढ़ोतरी करने की मांग उठाई है। हाल ही में प्रदेश सरकार की ओर से मंदिर न्यास का पुनर्गठन किया गया है।
मंदिर न्यास की बजट बैठक आयोजन को लेकर दुकानदारों, न्यास कर्मचारियों और सहित न्यास के शिक्षण संस्थाओं में कार्यरत कर्मचारियों को इस बैठक से कई उम्मीदें हैं। वार्षिक बजट बैठक में मंदिर में रुके हुए विभिन्न विकास कार्यों, कर्मचारियों की सुरक्षा सुविधा, सेवाकाल, पेंशन सहित विभिन्न मुद्दे प्रमुख मांगे हैं। वार्षिक बजट बैठक में की अध्यक्षता एसडीएम बड़सर राजेंद्र गौतम करेंगे। बैठक में मंदिर अधिकारी संदीप चंदेल सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी व न्यासी उपस्थित रहेंगे।
कोट:
बाबा बालक नाथ मंदिर न्यास की ओर से पेंशन योजना शुरू की गई है। उसमें न्यास की ओर से जमा करवाए जाने वाले पैसे में हर साल बढ़ोतरी की जानी चाहिए ताकि कर्मचारियों को लाभ मिलता रहे।
संजीव कुमार, अध्यक्ष, सिद्ध बाबा बालक नाथ कर्मचारी संघ।
न्यास की ओर से संचालित विभिन्न शिक्षण संस्थानों में जो पद रिक्त पड़े हैं। उन्हें भरने का प्रयास किया जाना चाहिए ताकि संस्थानों में पढऩे वाले विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा सुविधा उपलब्ध हो सके । कैप्टन पुरुषोत्तम चंद शर्मा, चकमोह निवासी
मंदिर के विकास के लिए कार्य को शीघ्र करवाना चाहिए ताकि श्रद्धालुओं को मंदिर में सभी प्रकार की सुविधाएं मिल सकें। मंदिर में सौंदर्यीकरण का कार्य करने के साथ श्रद्धालुओं की सुविधाओं की बढ़ोतरी के लिए निर्णय लिए जाने चाहिए। कैप्टन सुरेंद्र सोनी, चकमोह निवासी
न्यास कर्मचारी कई वर्षों से पदोन्नति की आस लगाए बैठे हैं। बैठक में कर्मचारियों की पदोन्नति और समस्याओं को लेकर चर्चा होने की उम्मीद हैं। कर्मचारियों को हितों को देखते हुए जो लोग 20-25 वर्ष से एक ही स्थान पर सेवाएं दे रहे हैं उन्हें पदोन्नति का लाभ मिलना चाहिए
विजय लखनपाल, अध्यक्ष, हिमाचल प्रदेश धर्मस्थल कर्मचारी संघ