हमीरपुर। 1.85 करोड़ की लागत से निर्माणाधीन नाबार्ड वित्तपोषित 2.5 किमी लंबे प्लासी-मैड़ भगेटू संपर्क मार्ग के निर्माण कार्य पर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों ने यहां पर सड़क निर्माण में लगाए डंगों की गुणवत्ता पर सवाल उठाए हैं।
घटिया निर्माण का दावे करते हुए सोशल मीडिया में एक वीडियो भी वायरल हो रहा है। इसमें डंगे के निर्माण में सीमेंट और रेत की बजाय मिट्टी का प्रयोग किए जाने का दावा किया गया है। हालांकि, इस मामले में लोक निर्माण विभाग मंडल हमीरपुर की ओर से जांच शुरू कर दी गई है।
मुख्य शिकायतकर्ता रवि कुमार उर्फ मोनू ठाकुर ने कहा कि उन्होंने और अन्य ग्रामीणों ने कई बार लोक निर्माण विभाग से शिकायत की है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक दबाव के चलते इस मामले में कार्रवाई नहीं की जा रही है। सड़क और डंगे के निर्माण में भारी अनियमितताएं बरती गई है और लगभग 100 फीट लंबे डंगे को केवल मिट्टी भरकर ढक दिया गया है, जो भविष्य में जानलेवा साबित हो सकता।
स्थानीय लोगों में प्रकाश चंद, सुरेंद्र कुमार, पवन ठाकुर, जसबीर सिंह, सुशील कुमार ने मामले में विजिलेंस जांच की मांग उठाई है। ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री, लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह एवं केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से मामले में उचित कदम उठाने की मांग की है। उन्होंने चेताया है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो वह धरना-प्रदर्शन करने से भी गुरेज नहीं करेंगे।
कोट्स
सड़क अभी निर्माणाधीन है। कार्य में कोई कोताही नहीं बरती गई है। पिछली बरसात में डंगा लगाया गया है, जो कि सुरक्षित है। बदनाम करने के लिए कुछ लोग वीडियो वायरल कर रहे हैं। निर्माण के बाद भी पांच साल तक वह सड़क की देखरेख करेंगे।
-सौरभ पठानिया, ठेकेदार
मामला संज्ञान में आया है। संबंधित एसडीओ को कहा है कि इसमें तथ्यों की जांच की जाए। शुक्रवार को मौके पर जाकर निरीक्षण भी किया जाएगा।
-दीपक कपिल, अधिशासी अभियंता, पीडब्ल्यूडी हमीरपुर
प्लासी-मैड भगेटू संपर्क मार्ग पर लगे डंगे को दर्शाते लोग। ग्रामीण।