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Hamirpur (Himachal) News: पेट के सीटी स्कैन के लिए मरीजों को करना पड़ रहा लंबा इंतजार

Fri, 29 Nov 2024 07:53 AM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
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हमीरपुर। डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज में मरीजों को पेट के सीटी स्कैन के लिए दो-दो महीने का इंतजार करना पड़ रहा है। अस्पताल में पेट के सीटी स्कैन की सीमित क्षमता और अल्ट्रासाउंड सुविधा बंद होने के कारण मरीजों की परेशानी बढ़ रही है। वर्तमान में अस्पताल में प्रतिदिन केवल तीन से चार सीटी स्कैन ही हो पा रहे हैं। बाकी मरीजों को लंबी तारीखें दी जा रही हैं।
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पर्याप्त चिकित्सक होने के बावजूद भी पेट के सीटी स्कैन के लिए मरीजों को आगे की डेट दी जा रही है। पेट का सीटी स्कैन विशेष रूप से कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों के निदान के लिए किया जाता है। ऐसे में देरी से मरीजों के इलाज में विलंब हो सकता है, जिससे मरीजों की स्थिति और गंभीर भी बन सकता है।
पेट का सीटी स्कैन (कंप्यूटेड टोमोग्राफी) एक नैदानिक उपकरण है, जिसके जरिए पेट और श्रोणि में होने वाली समस्याओं का पता लगाया जाता है। इसमें शरीर के अंदरूनी हिस्सों की विस्तृत तस्वीरें खींची जाती हैं। इन तस्वीरों को 3डी में देखा जा सकता है, जिससे डॉक्टरों को संभावित समस्याओं का पता लगाना आसान हो जाता है।
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एक मरीज ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि उन्हें डेढ़ महीने बाद का समय दिया गया। ऐसे में सवाल यह उठता है कि जब अल्ट्रासाउंड की सुविधा भी बंद है, तो सीटी स्कैन के लिए मरीजों को लंबी दिनांक क्यों दी जा रही है। उन्होंने कहा कि देरी के कारण उन्हें भविष्य में स्वास्थ्य संबंधी गंभीर परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. रमेश भारती ने कहा कि अस्पताल में दो प्रकार के सीटी स्कैन किए जाते हैं। एक आपातकालीन मरीजों के लिए और दूसरा नियमित मरीजों के लिए। उन्होंने बताया कि मरीजों की स्थिति के आधार पर सीटी स्कैन की प्राथमिकता तय की जाती है।
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