जिला हमीरपुर कांग्रेस की अंतर्कलह सरकारी अधिकारियों पर भारी पड़ रही है। पुलिस के बाद अब आईपीएच विभाग सुर्खियों में है। कांग्रेस सरकार के चार साल के कार्यकाल में हमीरपुर में पुलिस अधीक्षकों के तबादलों के बाद अब आईपीएच विभाग में भी तबादलों की झड़ी लगी है।
बीते चार साल में आईपीएच विभाग में पांच एसडीओ बदले जा चुके हैं। आईपीएच विभाग में इन तबादलों से घमासान मचा है। इसकी एक बड़ी वजह कई धड़ों में बंटी जिला कांग्रेस पदाधिकारियों का नाराज रहना माना जा रहा है। कांग्रेस का एक धड़ा निवर्तमान एसडीओ की कार्यप्रणाली से खुश नहीं था।
नाराज गुट ने मुख्यमंत्री से आईपीएच अधिकारी की शिकायत कर दी। शिकायत मिलते ही शिमला से अधिकारी के ट्रांसफर आर्डर जारी हो गए। इसके बाद एसडीओ हमीरपुर राजेश धीमान को हमीरपुर से रिकांगपिओ ट्रांसफर किया गया जबकि रिकांगपियो में सेवाएं दे रहे एसडीओ राकेश गर्ग को हमीरपुर भेजा गया।
मंगलवार को ट्रांसफर आर्डर मिलने के बाद एसडीओ राकेश गर्ग ने बुधवार को हमीरपुर में ज्वाइनिंग दे दी लेकिन दूसरा गुट आईपीएच के इस अधिकारी के पक्ष में कूद गया है। शिमला से ट्रांसफर होते ही दूसरा गुट भी ट्रांसफर रुकवाने के लिए शिमला पहुंच गया।
देखना दिलचस्प होगा कि आईपीएच मंत्री विद्या स्टोक्स के दरबार में किस गुट की पकड़ मजबूत है। एसडीओ राकेश गर्ग ने कहा कि उन्हें ट्रांसफर आर्डर मिलने के बाद वह वीरवार को हमीरपुर कार्यालय पहुंचे।
मुख्य अभियंता आईपीएच सुमन व्रिकांत ने कहा कि उन्हें ट्रांसफर की अभी तक जानकारी नहीं है। इस बारे में पता किया जाएगा।