संवाद न्यूज एजेंसी
हमीरपुर। मम्मी, आज भिंडी-चपाती बनाना... मैं छुट्टियों का काम कर लेती हूं। 14 वर्षीय बेटी के मुंह से निकले ये शब्द अब उसकी मां के लिए जिंदगी भर की टीस बन गए हैं।
सुजानपुर उपमंडल के जियाणा गांव में आठवीं कक्षा की छात्रा की मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। जिस बेटी की पसंद का खाना बनाने की तैयारी मां कर रही थी, कुछ ही देर बाद उसी बेटी को फंदे से लटका देख वह बेसुध होकर जमीन पर गिर पड़ी।
होश आने पर मां की जुबान पर बस एक ही सवाल था कि अब किसको भिंडी-चपाती खिलाऊंगी?। परिजनों के अनुसार घटना से करीब एक घंटे पहले तक घर में सब कुछ सामान्य था। शाम को सिमरन ने माता-पिता से विवाद को खत्म करके हंसते-बोलते बातचीत की। उसने मां से अपनी पसंद की भिंडी-चपाती बनाने को कहा और यह कहते हुए कमरे में चली गई कि वह छुट्टियों का होम वर्क पूरा करेगी।
किसी को अंदेशा भी नहीं था कि कुछ ही देर बाद ऐसा मंजर सामने आएगा, जिसे परिवार कभी भूल नहीं पाएगा। घर में अब हर तरफ सन्नाटा पसरा है। बेटी को खोने के गम में मां बार-बार उसकी बातें याद कर बिलख उठती है।
पिता की आंखें नम है। छात्रा का छोटा भाई भी अपनी दीदी को ढूंढते हुए मासूमियत से सवाल कर रहा है कि वह वापस कब आएगी। उसके सवालों का जवाब किसी के पास नहीं है।
पूरे गांव में शोक का माहौल है और लोग परिवार को ढांढस बंधाने पहुंच रहे हैं।