संवाद न्यूज एजेंसी
हमीरपुर। हमीरपुर की अति ने छोटे से फास्ट फूड स्टाल से शुरुआत कर अपनी मेहनत और लगन के दम पर बड़ी पहचान बनाई है। आज उनकी यह पहल न सिर्फ उन्हें आत्मनिर्भर बना रही है, बल्कि उनके परिवार की आर्थिक स्थिति को भी मजबूत कर रही है।
अति एक सामान्य परिवार से संबंध रखती हैं। घर की जिम्मेदारियों के साथ आर्थिक सहयोग की आवश्यकता ने उन्हें कुछ नया करने के लिए प्रेरित किया।
शुरुआत में उन्हें यह समझ नहीं आ रहा था कि कम लागत में कौन सा काम शुरू किया जाए, जिससे अच्छा लाभ मिल सके। बढ़ते फास्ट फूड के चलन और पारंपरिक व्यंजनों की मांग को देखते हुए उन्होंने फास्ट फूड के साथ हिमाचली पारंपरिक व्यंजन ‘सिड्डू’ बेचने का निर्णय लिया। उन्होंने घर से ही सिड्डू बनाना शुरू किया और धीरे-धीरे आवश्यक बर्तन और सामग्री जुटाकर प्रताप गली में एक छोटा सा स्टाल लगा लिया।
शुरुआत में ग्राहकों की संख्या कम थी और कई बार नुकसान भी उठाना पड़ा, लेकिन अति ने अपने खाने की गुणवत्ता और स्वाद से कभी समझौता नहीं किया। समय के साथ उनके बनाए सिड्डू और फास्ट फूड का स्वाद लोगों को पसंद आने लगा।
उन्होंने अपने मेन्यू में बर्गर, नूडल्स और अन्य फास्ट फूड भी शामिल किए, जिससे ग्राहकों की संख्या लगातार बढ़ती गई। अब अति हर महीने हजारों रुपये की आय अर्जित कर रही हैं।
उनकी कमाई न केवल परिवार की जरूरतों को पूरा कर रही है, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर भी बना रही है। उनका यह सफर उन लोगों के लिए प्रेरणा है, जो सीमित संसाधनों के बावजूद अपने दम पर कुछ बड़ा करने का सपना देखते हैं।