जिला आईपीएच विभाग बिजली बोर्ड का कर्जदार हो गया है। आईपीएच विभाग के पास बिजली बोर्ड के करीब 1.47 करोड़ रुपये फंसे हैं। लंबे समय से आईपीएच विभाग अपना बकाया भुगतान नहीं कर पा रहा। समय पर बिजली बिल का भुगतान न होने से बकाया राशि बढ़ती जा रही है।
बोर्ड की माने तो कई साल से आईपीएच विभाग बकाया राशि का पूरा भुगतान नहीं कर पाया है। बिजली बोर्ड भी नए उपकरण खरीदने में असक्षम हैं। आईपीएच विभाग नोटिसों के बाद भी बकाया राशि का भुगतान नहीं कर रहा। आईपीएच विभाग पर देनदारी दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है।
बिजली बोर्ड की माने तो आईपीएच विभाग के साथ ही घरेलु कनेक्शन, व्यवसायिक तथा औद्योगिक कनेक्शनों में भी बोर्ड के करीब चार लाख रुपये फंसे हैं। बिल का समय पर भुगतान नहीं हो पाया है। बिजली बिल भुगतान की अंतिम तिथि 10 फरवरी थी। इन्होंने निर्धारित तिथि तक बिजली बिल का भुगतान नहीं किया है।
घरेलू कनेक्शन में बोर्ड के दो लाख रुपये फंसे हैं। व्यवसायिक कनेक्शन में भी इतने ही रुपये अटके हैं। औद्योगिक कनेक्शन में विभाग के करीब 85 हजार रुपये फंसे हुए हैं। समय पर बिल का भुगतान न होने पर अब इन उपभोक्ताओं को बिल के रुपयों के साथ ही पेनल्टी भी चुकानी होगी।
आईपीएच विभाग के पास बिजली बोर्ड का 1.47 करोड़ बकाया हैं। आईपीएच लंबे समय से अपने बकाया का भुगतान नहीं कर रहा। घरेलू, व्यवसायिक और औद्योगिक कनेक्शनों के भी करीब चार लाख रुपये अटके हैं।
- बधेश चंद, एसडीओ, बिजली बोर्ड लंबलू