हिमाचल प्रदेश स्कूल प्रवक्ता संघ के प्रतिनिधिमंडल ने गुरुवार को राज्य अध्यक्ष अजय नेगी के नेतृत्व में शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर से शिष्टाचार भेंट कर प्रवक्ता वर्ग और छात्र हित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने चार प्रमुख मांगों से संबंधित ज्ञापन शिक्षा मंत्री को सौंपा।
प्रतिनिधिमंडल में संघ के प्रमुख संरक्षक राजेश सैनी, एक्शन कमेटी के मुख्य सलाहकार प्रदीप ठाकुर, संविधान समिति के उपाध्यक्ष एल.डी. वर्मा, राज्य कार्यकारिणी के मुख्यालय सचिव अरुण नारटा, जिला शिमला प्रवक्ता संघ के संगठन महासचिव सुनील रणैक तथा राजेंद्र चौहान भी उपस्थित रहे।
संघ ने शिक्षा मंत्री के समक्ष सबसे पहले सभी प्रवक्ताओं के लिए एक समान 'स्कूल प्रवक्ता (School Lecturer)' पदनाम लागू करने की मांग रखी। प्रतिनिधिमंडल का कहना था कि समान शैक्षणिक योग्यता, समान कार्य और समान सेवा नियम होने के बावजूद अलग-अलग पदनाम बनाए रखना समानता के सिद्धांत के अनुरूप नहीं है।
दूसरी प्रमुख मांग सरकारी विद्यालयों में कंप्यूटर विज्ञान विषय के विद्यार्थियों से लिया जा रहा अतिरिक्त मासिक शुल्क समाप्त करने या उसमें पर्याप्त रियायत देने की रही। संघ का कहना है कि अतिरिक्त शुल्क के कारण आर्थिक रूप से कमजोर और ग्रामीण क्षेत्रों के कई विद्यार्थी कंप्यूटर विज्ञान विषय नहीं चुन पाते, जिससे डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने का उद्देश्य प्रभावित होता है।
प्रतिनिधिमंडल ने तीसरी मांग के रूप में यूजीसी-नेट, एसएलईटी और पीएचडी जैसी योग्यताएं रखने वाले स्कूल प्रवक्ताओं को कॉलेज कैडर में पदोन्नति का अवसर देने की मांग की। इसके लिए आंध्र प्रदेश की तर्ज पर विशेष पदोन्नति परीक्षा अथवा वरिष्ठता-सह-योग्यता आधारित नीति बनाने और ऐसे शिक्षकों को विशेष वेतनवृद्धि या अन्य वित्तीय प्रोत्साहन देने का सुझाव भी दिया गया।
संघ ने चौथी मांग के तहत पिछले लगभग 15 वर्षों से सेवाएं दे रहे 761 एसएमसी प्रवक्ताओं को एलडीआर नीति या सरकार की किसी विशेष नीति के माध्यम से नियमित करने की मांग उठाई। प्रतिनिधिमंडल का कहना था कि इन शिक्षकों ने दुर्गम क्षेत्रों में लंबे समय तक शिक्षा व्यवस्था को बनाए रखने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है, इसलिए उनके साथ न्याय होना चाहिए। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने प्रतिनिधिमंडल की सभी मांगों को गंभीरता और सकारात्मक दृष्टिकोण से सुनते हुए प्रत्येक विषय पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
संघ के राज्य अध्यक्ष अजय नेगी ने कहा कि हिमाचल प्रदेश स्कूल प्रवक्ता संघ भविष्य में भी शिक्षकों और विद्यार्थियों के हितों के साथ-साथ प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को अधिक प्रभावी, गुणवत्तापूर्ण और न्यायसंगत बनाने के लिए सरकार के साथ सकारात्मक संवाद जारी रखेगा।