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Iran US War: ओमान के निकट अमेरिकी मिसाइल हमले में हमीरपुर के आदित्य शर्मा की मौत, क्षेत्र में शोक की लहर

Thu, 11 Jun 2026 04:58 PM IST
Ankesh Dogra न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, शिमला

सार

ओमान तट के पास तेल टैंकर पर हुए हमले में हमीरपुर के गलोड़ निवासी 23 वर्षीय डेक कैडेट आदित्य शर्मा की मौत हो गई। हादसे के समय जहाज पर मौजूद 24 लोगों में से 21 को सुरक्षित बचा लिया गया था। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है और पार्थिव देह को भारत लाने के प्रयास जारी हैं।
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आदित्य शर्मा (फाइल फोटो)। - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
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विस्तार
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हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर जिले के लिए एक अत्यंत दुखद खबर सामने आई है। ओमान तट के निकट स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के पास हुए जहाज हमले में हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर जिले के युवा नाविक आदित्य शर्मा की मौत हो गई है। आदित्य हमीरपुर के गलोड़ क्षेत्र के निवासी थे और पालाउ ध्वज वाले तेल टैंकर एमटी सेटेबेलो पर डेक कैडेट के रूप में कार्यरत थे। उनकी मौत की पुष्टि होने के बाद परिवार और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।

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हड़ेटा पंचायत के भालू गांव निवासी आदित्य जहाज पर डेक कैडेट के रूप में तैनात थे। बीते वर्ष नंवबर माह में वह घर से ड्यूटी के लिए गए थे। आदित्य के पिता राजेश कुमार जालंधर में निजी कंपनी में कार्यरत हैं जबकि माता गृहिणी हैं। आदित्य अपने माता पिता की इकलौती संतान थे, हादसे की सूचना के बाद परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट गया है। परिजनों के अनुसार बुधवार रात नौ बजे के करीब उन्हें कंपनी के अधिकारियों से घटना की सूचना मिली, जिसमें उन्होंने बताया कि घटना के समय पोत पर कुल 24 चालक दल के सदस्य मौजूद थे, जिनमें से 21 को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया जबकि तीन की मौत हो गई जिसमें आदित्य भी शामिल है। घटना की सूचना के बाद तहसीलदार गलोड़ केशव कुमार मौके पर पहुंचे और परिजनों को हर संभव सहायता उपलब्ध करवाने का आश्वासन दिया।

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जानकारी के अनुसार जहाज पर कुल 24 भारतीय चालक दल के सदस्य सवार थे। घटना के बाद 21 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया, जबकि तीन भारतीय नाविक लापता हो गए थे। बाद में बचाव अभियान के दौरान तीनों के मृत होने की पुष्टि की गई, जिनमें आदित्य शर्मा भी शामिल हैं। आदित्य, बड़सर विधानसभा क्षेत्र के गलोड़ के निवासी थे और तेल टैंकर पर डेक कैडेट के पद पर कार्यरत थे। इस युवा की मृत्यु की पुष्टि होने के बाद से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।

बुधवार को हुआ था हमला
बता दें कि अमेरिकी सेना ने बुधवार 10 जून को पलाऊ ध्वज वाले तेल टैंकर एम/टी सेटेबेलो के इंजन कक्ष पर सटीक हथियारों से हमला किया। अमेरिकी सेना ने इस हमले को लेकर दावा करते हुए कहा है कि यह जहाज ईरानी तेल लेकर नौसैनिक नाकेबंदी तोड़ने की कोशिश कर रहा था। यह ईरान के आसपास के समुद्री क्षेत्र में अमेरिकी कार्रवाई से निष्क्रिय किया गया।

घटना का विवरण और बचाव अभियान
प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना के समय तेल टैंकर पर कुल 24 चालक दल के सदस्य मौजूद थे। हादसे के उपरांत, 21 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया था, लेकिन तीन भारतीय क्रू सदस्य लापता हो गए थे। दुर्भाग्यवश, लापता सदस्यों में आदित्य शर्मा भी शामिल थे। व्यापक खोज अभियान चलाए जाने के बाद, उनके निधन की सूचना सामने आई, जिसने परिजनों और क्षेत्रवासियों को गहरा सदमा पहुंचाया है।
 

परिवार की चिंता और उत्पीड़न का आरोप
घटना के बाद से आदित्य के परिवार की चिंताएं लगातार बढ़ रही थीं। उनके पिता, राजेश शर्मा, ने सोशल मीडिया के माध्यम से सरकार और संबंधित एजेंसियों से अपने बेटे की सुरक्षित तलाश के लिए मदद की गुहार लगाई थी। उन्होंने यह भी बताया था कि अप्रैल माह में आदित्य ने जहाज पर अपने वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा कथित उत्पीड़न की शिकायत की थी और वह जहाज छोड़ना चाहता था। यह जानकारी घटना की गंभीरता को और बढ़ा देती है।

जनप्रतिनिधियों की संवेदनाएं और पार्थिव देह को लाने के प्रयास
बड़सर के विधायक इंद्रदत्त लखनपाल ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा कि क्षेत्र के एक होनहार युवा का इस तरह असमय निधन अत्यंत पीड़ादायक है। उन्होंने शोक संतप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदनाएं व्यक्त कीं और ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति तथा परिवार को इस कठिन घड़ी में संबल प्रदान करने की प्रार्थना की।

विधायक ने यह भी बताया कि सांसद अनुराग ठाकुर इस मामले में सक्रिय हैं और उन्होंने पार्थिव देह को शीघ्र भारत लाने के लिए विदेश मंत्रालय तथा संबंधित अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क बनाए हुए हैं। हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं ताकि आदित्य के पार्थिव शरीर को जल्द से जल्द उनके घर लाया जा सके।

क्षेत्र में मातम का माहौल
आदित्य शर्मा की मृत्यु की खबर फैलते ही गलोड़ और आसपास के क्षेत्रों में शोक का माहौल व्याप्त हो गया है। स्थानीय लोगों ने इसे क्षेत्र के लिए एक बड़ी क्षति बताया है और दिवंगत युवक को श्रद्धांजलि अर्पित की है। पूरा क्षेत्र इस दुखद घटना से स्तब्ध है और परिजनों के साथ शोक व्यक्त कर रहा है। फिलहाल, परिजन आदित्य के पार्थिव शरीर के स्वदेश लौटने का इंतजार कर रहे हैं।

मुख्यमंत्री सुक्खू ने नाविक आदित्य शर्मा के निधन पर शोक व्यक्त किया
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने बुधवार को होर्मुज स्ट्रेट में अमेरिकी हमले के दौरान एक तेल टैंकर पर कार्यरत नाविक आदित्य शर्मा के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। आदित्य शर्मा हमीरपुर जिले के गलोड़ क्षेत्र के निवासी थे। मुख्यमंत्री ने शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि दुख की इस घड़ी में राज्य सरकार परिवार के साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने जिला प्रशासन को प्रभावित परिवार को हर संभव सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना तथा शोकाकुल परिवार को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की कामना की है।

नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने जताया दुख
ओमान की खाड़ी में हुए जहाज हमले के बाद लापता हुए हमीरपुर जिले के गलोड़ निवासी आदित्य शर्मा के परिजनों से नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने फोन पर बातचीत कर संवेदना व्यक्त की है। जयराम ठाकुर ने आदित्य शर्मा के पिता से बात करते हुए परिवार को इस कठिन समय में धैर्य रखने का संबल दिया और कहा कि वह परिवार के साथ खड़े हैं। उन्होंने परिजनों को हरसंभव सहायता उपलब्ध करवाने का भरोसा भी दिलाया। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि इस घटना से पूरा प्रदेश चिंतित है और सभी की प्रार्थनाएं परिवार के साथ हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि संबंधित एजेंसियां और केंद्र सरकार मामले में आवश्यक कार्रवाई करते हुए परिवार को हरसंभव सहयोग प्रदान करेंगी।

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मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू  ने मृतक के पिता से फोन पर की बात
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने नई दिल्ली से हॉर्मुज स्टेट में अमेरिकी हमले में मारे गए नाविक आदित्य शर्मा के पिता से फोन पर बात की और उन्हें सांत्वना दी। सीएम से फोन पर बातचीत में पिता ने बेटे आदित्य शर्मा के पार्थिव शरीर को उनके घर तक लाने में मदद मांगी। इस पर मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि वह मुख्य सचिव और नई दिल्ली में आवासीय आयुक्त को निर्देश देंगे और जल्द शव को घर पहुंचाया जाएगा। मृतक के पिता ने सीएम को बताया कि बेटे से फोन पर हुई बातचीत में भी उसने उन्हें खतरे का अंदेशा जताया था। सीएम ने पिता को हिम्मत रखने को कहा और मृतक की आत्मा की शांति की प्रार्थना की।
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