संवाद न्यूज एजेंसी
हमीरपुर। विकास खंड हमीरपुर की पांच पंचायतों को विकास खंड सुजानपुर में शामिल करने का लोगों ने विरोध किया। पांच पंचायतों के पूर्व प्रतिनिधियों सहित ग्रामीणों ने डीसी कार्यालय के बाह धरना-प्रदर्शन किया।
ग्रामीणों ने नारेबाजी करते प्रदेश सरकार को चेतावनी दी है कि यदि निर्णय को वापस नहीं लिया गया तो चक्का जाम किया जाएगा। ग्राम पंचायत कुठेड़ा, टिब्बी, देई का नौण, मझोग सुल्तानी व ख्याह को विकास खंड हमीरपुर में ही रखने की मांग की गई। डीसी के माध्यम से ज्ञापन मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू को प्रेषित किया गया। मझोग सुल्तानी के पूर्व प्रधान बुद्धि सिंह, कुठेड़ा के पूर्व प्रधान अमन, रंजन शर्मा, शालू सहित अन्य लोगों ने बताया कि सरकार ने मनमर्जी से फैसला किया है।
सुजानपुर के विधायक से आग्रह किया है कि मुख्यमंत्री के समक्ष इस बात को रखें। उन्होंने बताया कि सभी कार्यालय हमीरपुर में हैं। यहां पर उनके कार्य आसानी से हो जाते हैं।
कुठेड़ा पंचायत से हमीरपुर मात्र चार किलोमीटर पड़ता है और सुजानपुर की दूरी 20 किलोमीटर है। सरकार जनता की राय लिए बिना फरमान जारी कर रही है। एक भी व्यक्ति विकास खंड सुजानपुर में जाने के लिए सहमत नहीं है। उन्होंने मांग रखी है कि ग्राम पंचायतों को विकास खंड हमीरपुर में ही रखा जाए।
पिछली सरकार ने लोक निर्माण विभाग का मंडल कार्यालय हमीरपुर से बदलकर टौणी देवी कर दिया था। इससे भी काफी लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। उन्होंने मांग रखी है कि इन क्षेत्रों को पुन: लोक निर्माण विभाग मंडल कार्यालय टौणी देवी से बदलकर हमीरपुर मंडल में डाला जाए। लोगों ने मांग की है कि प्रशासन जल्द उनकी समस्या का हल करे।