भोरंज (हमीरपुर)। शहीद अंकुश ठाकुर (सेना मेडल) के शहीदी दिवस पर वीरवार को राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला लदरौर में 40 रक्तवीरों ने रक्तदान कर शहीद को श्रद्धांजलि दी। अमर उजाला फाउंडेशन और बीबीएन नि:स्वार्थ सेवा सोसायटी के सौजन्य से यह शिविर लगाया गया। इसमें दूरदराज से आए युवाओं ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया। शिविर का शुभारंभ विधायक एवं विधानसभा में उप मुख्य सचेतक कमलेश कुमारी ने किया। इस दौरान 120 लोगों के स्वास्थ्य की निशुल्क जांच भी की गई।
विशेषज्ञ चिकित्सकों ने हड्डी, आंख और चमड़ी रोगों की जांच की। गंभीर बीमारी वाले 12 मरीजों को मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में विशेषज्ञों के पास जांच करवाने की सलाह दी गई। जबकि, सामान्य मरीजों का शिविर में उपचार कर उन्हें निशुल्क दवाइयां वितरित की गईं। शिविर में मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल हमीरपुर से नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. शशि दत्त शर्मा, हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. कुनाल कौशल, चर्म रोग विशेषज्ञ डॉ. रितु रानी, ब्लड बैंक की टीम में डॉ. आयुष्मान, वरिष्ठ लैब तकनीशियन कमलेश कुमार और पूजा ने सेवाएं प्रदान कीं।
शिविर के दौरान बाबा बालक नाथ नि:स्वार्थ सेवा सोसायटी के प्रधान राजन शर्मा, उपप्रधान मनीष ठाकुर, सदस्यों में अनिल, अमन, अमन कपिल, मोहित शर्मा, सौरभ कालिया और पंचायत के उपप्रधान अरुण ठाकुर ने विशेष योगदान दिया। लदरौर स्कूल के एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी जोगिंद्र सिंह और स्वयंसेवियों ने रक्तदान करने वाले लोगों के रक्त की ग्रुपिंग की। एचआरटीसी के सेवानिवृत्त निरीक्षक ओपी शर्मा ने संस्था के कार्यों की सराहना की है।
मनोह स्कूल में भी शहीद अंकुश ठाकुर को दी श्रद्धांजलि
भोरंज (हमीरपुर)। अंकुश ठाकुर के शहीदी दिवस पर वीरवार को राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मनोह में स्थापित उनकी प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी गई। इस दौरान शहीद अंकुश के पिता अनिल ठाकुर, माता ऊषा, भाई आदित्य ठाकुर, विधायक एवं उप मुख्य सचेतक कमलेश कुमारी, पुलिस थाना प्रभारी भोरंज सूरम सिंह, कड़ोहता पंचायत की प्रधान संध्या वर्मा आदि विशेष रूप से मौजूद रहे। 2020 में भारत-चीन एलएसी पर गलवां घाटी में हुई मुठभेड़ में भारतीय सेना के सिपाही अंकुश ठाकुर शहीद हुए थे। मात्र 21 वर्ष की आयु में उन्होंने शहादत का जाम पिया था। उनकी वीरता तथा अदम्य साहस को देखते हुए सेना मेडल से नवाजा गया।