नादौन (हमीरपुर)। सिविल अस्पताल नादौन की एकमात्र 108 एंबुलेंस खराब होने के कारण मेडिकल कॉलेज हमीरपुर को रेफर की गई वृद्ध महिला के इलाज में डेढ़ घंटे की देरी हुई। एंबुलेंस न होने से उसे हमीरपुर से एंबुलेंस बुलाकर डेढ़ घंटे बाद मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया। इस कारण उसे एंबुलेंस में प्राथमिक उपचार की सुविधा समय पर नहीं मिल पाई। रेफर की गई महिला को नादौन से हमीरपुर अस्पताल तक लाने के लिए ऑक्सीजन की जरूरत थी, लेकिन एंबुलेंस के अलावा किसी अन्य और वाहन में ऑक्सीजन की सुविधा नहीं होती है। यह मामला एक महिला का ही नहीं बल्कि बीते दो दिनों से एंबुलेंस खराब होने के कारण अन्य मरीजों और तीमारदारों को भी परेशानी झेलनी पड़ रही है। 75 वर्षीय वृद्ध महिला कश्मीरी देवी के परिजनों ने बताया कि नादौन अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद कश्मीरी देवी की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे हमीरपुर रेफर कर दिया गया। जिसके लिए रास्ते में ऑक्सीजन की आवश्यकता थी।
परंतु 108 एंबुलेंस खराब होने के कारण अन्य ऐसा कोई भी वाहन उपलब्ध न हो सका। परिजनों की सूचना पर हमीरपुर अस्पताल से 108 एंबुलेंस को नादौन भेजा गया। जिसके बाद करीब डेढ़ घंटा का अतिरिक्त समय लगा। स्थानीय लोगों मेें रमन मनकोटिया, किशोरी लाल, शम्मी कुमार, दीपक, किशोर, ज्ञान चंद, प्रीतम सहित अन्य ने बताया कि इससे पूर्व भी नादौन अस्पताल में इस एंबुलेंस के टायर ठीक न होने के कारण करीब माह भर के लिए उसकी सेवा ठप रही। लोगों का कहना है कि ऐसी कोताही बरतने वाले कंपनी के लोगों पर कार्रवाई की जानी चाहिए। इस संबंध में बीएमओ डा. अशोक कौशल का कहना है कि 108 एंबुलेंस के जिला प्रभारी को इसे ठीक करने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं प्रभारी पंकज कुमार का कहना है कि इस समस्या के शीघ्र समाधान का प्रयास किया जा रहा है।