हमीरपुर। डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल हमीरपुर में बीते 20 दिनों से सीटी स्कैन नहीं हो रहे हैं। एक माह पूर्व ही मशीन में नया सॉफ्टवेयर डाला गया, लेकिन वह दस दिन भी नहीं चला और मशीन खराब हो गई। पुरानी मशीन होने के कारण कुछ दिन चलने के बाद इसमें तकनीकी खराबी आ जाती है। इस कारण अस्पताल में सीटी स्कैन करवाने आने वाले लोगों को परेशानी झेलनी पड़ती है। अस्पताल में शरीर के विभिन्न हिस्सों का सीटी स्कैन जो छह सौ से नौ सौ रुपये तक हो जाता है, उसी सीटी स्कैन के लिए अब मरीजों को बाहरी निजी लैबों में दो हजार रुपये तक का भुगतान करना पड़ रहा है। ऐसे में मरीजों को शारीरिक परेशानी के साथ साथ आर्थिक नुकसान भी झेलना पड़ रहा है।
20 दिनों से मशीन बंद होने के कारण अस्पताल प्रबंधन ने लैब के बाहर भी मशीन इज आउट ऑफ ऑर्डर का नोटिस लगा दिया है। मेडिकल कॉलेज में जिला के विभिन्न भागों सहित अन्य जिलों के लोग भी उपचार को आते हैं। ऐसे में सीटी स्कैन मशीन के खराब होने के कारण उन्हें मायूस होकर निजी लैबों का रुख करना पड़ता है। अस्पताल में रोजाना की ओपीडी एक हजार के पार है। इस संबंध में एमएस डॉ. अनिल वर्मा का कहना है कि सॉफ्टवेयर बदलने के बाद एक बार फिर सीटी स्कैन मशीन खराब हो गई है। मशीन पुरानी होने के कारण समस्या पेश आ रही है। उन्होंने कहा कि मशीन को ठीक करने के लिए इंजीनियर को बोला गया है।