महज एक भारी बारिश और 487 पेयजल स्कीमें धवस्त
आईपीएच विभाग हमीरपुर जोन को 29 करोड़ की चपत
एनआईटी हमीरपुर को चौकी छबोट से पहुंचाया जा रहा पानी
मंडी जिले की 274 और हमीरपुर जिले की 213 स्कीमों को नुकसान
अमर उजाला ब्यूरो
हमीरपुर। सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य विभाग जोन हमीरपुर में महज एक भारी बारिश से 487 पेयजल स्कीमें ध्वस्त हो गईं। 13 अगस्त को हुई बारिश से आईपीएच विभाग को 29.40 करोड़ की चपत लगी है। इस बारिश के चलते हमीरपुर जोन के तहत जिला हमीरपुर में 213 पेयजल स्कीमें, जबकि मंडी जिले की 274 पेयजल स्कीमों को भारी नुकसान पहुंचा है।
कई जगह भूस्खलन होने से पेयजल पाइपें मलबे के नीचे दब गईं तो कई जगह खड्ड के पानी के बहाव में पेयजल पाइप बह गए। जिसके चलते इन दोनों जिलों में कई गांवों में पेयजल की भारी किल्लत से लोगों को जूझना पड़ा है। हमीरपुर जिला मुख्यालय में नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (एनआईटी) की पेयजल स्कीम भी भारी बारिश के चपेट में आने से पूरी तरह बंद पड़ी हुई है। शनिवार को आईपीएच विभाग ने पांच दिन के बाद एनआईटी की पेयजल स्कीम को चौकी छबोट से अतिरिक्त व्यवस्था कर पेयजल आपूर्ति को बहाल कर दिया है। जबकि नादौन उपमंडल के तहत आती टियालू, माजरा डढूं पेयजल स्कीम अभी तक चालू नहीं हो पाई है। ग्रामीणों को पेयजल के अभाव में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
आईपीएच विभाग हमीरपुर जोन के मुख्य अभियंता आरके महाजन ने कहा कि 13 अगस्त को हुई भारी बारिश से विभाग की 487 पेयजल स्कीमों को नुकसान पहुंचा है। इससे विभाग को 29.40 करोड़ की चपत लगी है। अधिकतर स्कीमों को बहाल कर दिया गया है। मंडी जिले की 274 में से तीन स्कीमों को भारी नुकसान पहुंचा है। जोकि अभी तक बहाल नहीं हो पाई हैं।
वैकल्पिक व्यवस्था से की जा रही आपूर्ति :
आईपीएच विभाग के अधीक्षण अभियंता एएस चड्डा का कहना है कि हमीरपुर जिला में उपमंडल नादौन और हमीरपुर की एक स्कीम अभी तक बहाल नहीं पाई है। लेकिन, इन दोनों स्कीमों में वैकल्पिक व्यवस्था कर पेयजल आपूर्ति को सुचारु कर दिया गया है।