17 पंचायतों के लोग जांच के लिए दूसरे शहरों का रुख करने को हुए मजबूर
संवाद न्यूज एजेंसी
बनीखेत (चंबा)। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बाथरी और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बनीखेत में सरकार की ओर से लाखों रुपये की लागत से स्थापित एक्स-रे मशीनें तकनीशियन के अभाव में लंबे समय से बंद पड़ी हैं।
दोनों स्वास्थ्य संस्थानों में एक्स-रे तकनीशियन की नियुक्ति न होने से बनीखेत और बाथरी क्षेत्र की करीब 15 पंचायतों के लोगों को जांच के लिए दूसरे शहरों का रुख करना पड़ रहा है। ऐसे में लाखों रुपये की मशीनें उपयोग के बजाय धूल फांक रही हैं।
स्थानीय निवासी सूरज कुमार, अनिल कुमार, अरुण सिंह, महेश कुमार, नीलम देवी, अनुपमा देवी और रोहन कुमार ने बताया कि काफी समय से दोनों स्वास्थ्य केंद्रों में एक्स-रे सुविधा बंद है। उन्होंने बताया कि कुछ माह पहले तक नागरिक अस्पताल डलहौजी से सप्ताह में एक दिन प्रतिनियुक्ति पर एक्स-रे तकनीशियन यहां सेवाएं देने आता था। हालांकि, उसकी पदोन्नति के बाद यह व्यवस्था भी बंद हो गई जिससे दोनों स्वास्थ्य केंद्रों में एक्स-रे मशीनें निष्क्रिय हो गई हैं। लोगों का कहना है कि एक्स-रे जैसी सामान्य जांच के लिए भी उन्हें पठानकोट, चंबा या अन्य शहरों में जाना पड़ता है। इससे मरीजों को समय के साथ अतिरिक्त आर्थिक बोझ भी उठाना पड़ रहा है। विशेषकर बुजुर्गों, महिलाओं और दुर्घटना या हड्डी संबंधी समस्याओं से जूझ रहे मरीजों को अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों ने स्वास्थ्य विभाग से दोनों स्वास्थ्य केंद्रों में स्थायी रूप से एक्स-रे तकनीशियन नियुक्त करने की मांग की है।
उधर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. जालम सिंह ने बताया कि विभाग को इस समस्या से अवगत कराया गया है। कहा कि तकनीशियन की स्थायी नियुक्ति के लिए इस मुद्दे को एक बार फिर उच्च स्तर पर उठाया जाएगा जिससे जल्द दोनों स्वास्थ्य संस्थानों में एक्स-रे सेवा बहाल की जा सके।