चुवाडी (चंबा)। लाहडू-सिहुंता मार्ग के विस्तारीकरण के चलते कई गांव भूस्खलन की जद में आ गए हैं। बगोथ व लूणी गांव के कुछ घरों को खतरा पैदा हो गया है। रविवार रात भारी बारिश के कारण सोमवार को लाहडू-सिहुंता मार्ग बंद रहा। जिसे खोलने के लिए पीडब्ल्यूडी की टीम बगोथ गांव के पास पंहुची तो लोगों ने अधिशासी अभियंता का घेराव किया। लोगों में बंसी शर्मा, सुरेंद्र शर्मा, वंदना शर्मा, सपना देवी, बीना देवी, आशा देवी, संतोष कुमार, रमन शर्मा, महेंद्र शर्मा ने निर्माणाधीन कंपनी पर मनमानी से काम करने का आरोप लगाया। लोगों के हितों को दरकिनार कर पहाड़ की सीधी कटाई की गई और जो डंगे लगाए हैं वे भी गिर रहे हैं। उन्होंने निर्माण कार्य के दौरान घटिया सामग्री का आरोप कंपनी के अधिकारियों पर लगाया है। लूणी गांव में एक गोशाला गिरने की कगार पर है। प्रभावित महिला का आरोप है कि कंपनी को समय रहते ही बताया दिया था कि बरसात से पहले डंगा लगाया जाए मगर ऐसा नहीं किया गया है। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता नरेंद्र चौधरी ने बताया कि बगोथ गांव के लोगों को तिरपाल दे दी गई है और विभाग द्वारा जहां लोगों के घरों को खतरा है, वहां पर जल्द डंगे लगा दिए जाएंगे।
निर्माणाधीन कंपनी के प्रबंधक गुरमेज सिंह ने बताया कि कंपनी को विभाग जहां बताएगा, वहां पर डंगे लगाए जाते हैं। कंपनी अपनी मनमर्जी से डंगे नहीं लगा सकती है। इसके लिए विभाग की अनुमति जरूरी है।