चंबा के बग्गा के पास भारी बारिश के कारण क्षतिग्रस्त हुए भरमौर-पठानकोट नेशनल हाइवे पर पैदल आपवाज
चंबा। जिले में मौसम की मार के पांच दिन बाद भी जिंदगी पटरी पर नहीं लौट पाई है। जनजातीय क्षेत्र भरमौर, पांगी और चुराह का परिक्षेत्र भारी बारिश के चलते भूस्खलन के कारण देश-दुनिया से कटा हुआ है। इन क्षेत्रों में बिजली, पानी और सड़कों की हालत खराब है। अब तक 101 ट्रांसफार्मर बंद होने से दर्जनों गांवों में पांच दिन से अंधेरा पसरा हुआ है। इसका सबसे अधिक खामियाजा बीमार लोगों, स्कूली बच्चों और गृहिणियों को भुगतना पड़ रहा है। इसके अलावा भरमौर-पठानकोट हाईवे दुर्गेठी, बग्गा और कमनाला में भारी भूस्खलन के चलते बंद पड़ा हुआ है। साथ ही 65 सड़कें बंद होने से लोगों की दुश्वारियां कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। जिले में 23 पेयजल योजनाएं प्रभावित होने से लोगों को पेयजल के लिए भटकना पड़ रहा है। हालात यह हैं कि पेयजल की आपूर्ति के अभाव में मीलों दूर से पैदल और गाड़ियों के जरिये पानी ढोना पड़ रहा है। चंबा-तीसा मार्ग पर पुखरी स्थित इंड नाला के पास भूूस्खलन से मार्ग आवाजाही के लिए पूरी तरह से बंद पड़ गया है। ऐसे में तीसा की ओर से पैदल आने वाले लोगों की मुसीबतें और बढ़ गई हैं।
उपायुक्त अपूर्व देवगन ने बताया कि जल शक्ति विभाग की अवरुद्ध 361 विभिन्न पेयजल और सिंचाई योजनाओं में से 338 पेयजल योजनाओं को बहाल कर दिया गया है जबकि 23 सिंचाई और पेयजल योजनाओं को कार्यशील करने का कार्य प्रगति पर है। 184 सड़कों में से 119 को यातायात के लिए सुचारु कर दिया गया है। इसी तरह विद्युत व्यवस्था को सुचारु बनाने के लिए बंद 674 ट्रांसफार्मरों में से अब तक 574 ट्रांसफार्मरों को दुरुस्त कर दिया गया है।
किसी भी प्रकार की आपात स्थिति में तत्काल जिला आपदा प्रबंधन केंद्र के टोल फ्री नम्बर 1077 अथवा दूरभाष नंबर 01899-226950, 98166-98166 पर सूचित करें।