चंबा के उरेई में दुर्घटना के बाद शवों और घायलों को सड़क तक लेकर आते लोग।स्रोत विडियो ग्रैब
बीच राह में लिया पिकअप बदलकर कार में जाने का फैसला बन गया अंतिम
घटना की सूचना मिलते ही दुर्घटना स्थल की तरफ भागे परिजन और रिश्तेदार
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। कभी-कभी घटनाएं अपने पीछे सिर्फ हादसा नहीं, बल्कि सवालों और संयोगों की लंबी परतें छोड़ जाती हैं। सारनी नाला में हुए कार हादसे में चार लोगों की मौत भी कुछ ऐसी ही कहानी कहती है।
सफर की शुरुआत एक पिकअप से हुई, बीच रास्ते में लिया गया एक साधारण सा फैसला उनकी किस्मत का अंतिम मोड़ बन गया। मंदिर जा रहे चारों लोग आराम के लिए कार में बैठे लेकिन कुछ ही मिनटों बाद चढ़ाई पर बंद हुई गाड़ी और उसके बाद नाले में गिरने की घटना ने सब कुछ बदल दिया।
दुर्घटना में मारे गए चार लोगों ने पिकअप से उतरकर कार में जाने का फैसला लिया था। पहले चारों गांव से मंदिर के लिए पिकअप में निकले थे। कुछ दूरी पर बुजुर्ग महिलाओं को यह कहकर उतार दिया गया कि वह कार में आराम से जा सकेंगी। चालक रविकांत भी उसी जातर में जा रहा था। चारों को बैठाकर अभी वह दो मोड़ आगे ही पहुंचा था कि चढ़ाई पर कार अचानक बंद हो गई। वह स्टीयरिंग घुमाकर और ब्रेक लगाकर पीछे हट रही कार को रोकने का प्रयास करने लगा। लेकिन, देखते ही देखते कार नाले में जा गिरी। तीन सवारों की मौके पर मौत हो गई और एक महिला ने चंबा अस्पताल में दम तोड़ा।
... पिकअप में ही जाते तो शायद बच जाती जान
चारों पिकअप में बैठकर मंदिर के लिए रवाना होते तो शायद उनकी जान बच भी सकती थी। किस्मत में शायद यही लिखा था कि उनकी मौत कार दुर्घटना में होगी। तभी वह चारों पिकअप से उतर कार में बैठ गए। यह बात लता देवी का पोस्टमार्टम करवाने चंबा पहुंचे रिश्तेदारों ने बताई। उनके परिजनों और रिश्तेदारों को जैसे ही दुर्घटना की सूचना मिली तो वह रोते हुए दुर्घटनास्थल की तरफ भागे।