चंबा का क्षतिग्रस्त नकरोड़-चांजू मार्ग पर कंगेला नाला का पुल और जान जोखिम में डाल पार करते लो
चुराह (चंबा)। चुराह उपमंडल के नकरोड़-चांजू मार्ग पर बघेईगढ़ के समीप कंगेला नाला ग्रामीणों की मुसीबत का सबब बना हुआ है। 6 जुलाई को बादल फटने की घटना में इस नाले पर बना पुल पूरी तरह ध्वस्त हो गया था, लेकिन अब तक न तो कोई वैकल्पिक मार्ग तैयार किया गया है और न ही पुनर्निर्माण कार्य शुरू हुआ है। नतीजतन, क्षेत्र की कई पंचायत चांजू, चरड़ा, बघेईगढ़ और देहरा का बाहरी दुनिया से संपर्क टूट गया है। पुल टूटने के बाद, ग्रामीण और वाहन चालक कंगेला नाले को सीधे पार करने पर मजबूर हैं। जब नाले में पानी का बहाव तेज होता है तो वाहनों के फंसने का खतरा बना रहता है। स्थानीय लोग वाहनों को धक्का देकर निकालने की जोखिम भरी कवायद कर रहे हैं।
ग्रामीण अमित, सुरेश कुमार, नरेश कुमार, लोकेश राज और प्रमोद कुमार का कहना है कि प्रशासन और लोक निर्माण विभाग को कई बार स्थिति से अवगत कराया गया है, लेकिन कोई ठोस पहल नहीं हो पाई है। उनका कहना है कि स्कूली बच्चों और बीमार मरीजों को नाले से पार कराना अब बहुत मुश्किल और जानलेवा होता जा रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रशासन ने सिर्फ स्थल का निरीक्षण कर खानापूर्ति कर दी है। ना तो पुल के पुनर्निर्माण की शुरुआत हुई, और न ही कोई अस्थायी वैकल्पिक मार्ग बनाया गया है। लोगों ने प्रशासन से त्वरित हस्तक्षेप और पुल निर्माण कार्य शीघ्र शुरू करने की मांग की है।
यह मामला हमारे ध्यान में है। लोक निर्माण विभाग को आवश्यक निर्देश दिए जाएंगे ताकि शीघ्र कार्रवाई हो सके। मुकेश रेपसवाल, उपायुक्त चंबा