लाहौल-पांगी सीमा पर पहाड़ी दरकने से हुआ था हादसा, कुल्लू से लौट रहे थे सभी लोग
संवाद न्यूज एजेंसी
पांगी/चंबा। लाहौल-पांगी सीमा पर चंद्रभागा नदी के किनारे हुए दर्दनाक हादसे में जान गंवाने वाले 11 लोगों का शनिवार को उनके पैतृक गांवों में गमगीन माहौल के बीच अंतिम संस्कार कर दिया गया। अंतिम यात्रा में उमड़े जनसैलाब की आंखें नम थीं। परिजनों के विलाप और सिसकियों ने हर किसी को भावुक कर दिया। पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।
कुल्लू से सभी लोग अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान लाहौल-पांगी सीमा पर पहाड़ी दरकने से हुए हादसे में उनकी दर्दनाक मौत हो गई। हादसे में बीर सिंह निवासी घिसल, सौरभ सिंह निवासी घिसल, बीर सिंह निवासी शुण, बुद्धि सिंह, कमला देवी, अनिल कुमार निवासी साच, रेखा निवासी हिलोर, अंजना निवासी साहली, संजय निवासी कुमार, मंगल निवासी चस्क तथा इंद्र सिंह निवासी कुठाह की जान चली गई।
शनिवार को जैसे ही सभी के पार्थिव शरीर गांव पहुंचे, परिजनों का दुख छलक पड़ा। अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में लोग उमड़े और नम आंखों से दिवंगतों को श्रद्धांजलि दी। श्मशानघाट पर एक साथ जली रहीं चिताओं का दृश्य बेहद मार्मिक रहा। पूरे क्षेत्र में शोक और सन्नाटा पसरा है। लोगों ने दिवंगत आत्माओं की शांति और शोक संतप्त परिवारों को इस असहनीय दुख को सहने की शक्ति देने की प्रार्थना की। आरसी पांगी अमनदीप सिंह ने बताया कि मृतकों का शनिवार को चंद्रभागा किनारे अंतिम संस्कार किया गया।