संवाद न्यूज एजेंसी
बनीखेत (चंबा)। हिमाचल राजकीय अध्यापक संगठन एचजीटीयू ने एसडीएम सलूणी के तुगलकी फरमानों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पटवारियों को परीक्षा चेकिंग अफसर तैनात करने को लेकर संगठन ने मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री से एसडीएम के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने की मांग उठाई है। इसको लेकर उन्होंने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को पत्र भी भेजा है।
एनजीटीयू के जिला अध्यक्ष संजय ठाकुर ने बताया कि परीक्षा केंद्रों में पहली बार पटवारियों को निरीक्षण अधिकारी लगाने पर शिक्षकों में भारी रोष है। उन्होंने इसे शिक्षक समाज की तौहीन करार देते हुए संबंधित एसडीएम के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश के इतिहास में पहली बार इस तरह के आदेश जारी किए गए हैं। ग्रेड पे के आधार पर शिक्षकों से काफी जूनियर सरकारी कर्मचारी को प्रोटोकॉल का उल्लंघन करते हुए सीनियर कर्मचारियों का निरीक्षण अधिकारी तैनात करना सरकारी सेवा नियमों का उल्लंघन है।
इस तरह की कवायद को गंभीर कदाचार बताते हुए एनजीटीयू ने सरकार से संबंधित एसडीएम के खिलाफ कड़ी कार्रवाई अमल में लाने की बात कही है। उन्होंने कहा कि उपरोक्त आदेशों को तुरंत निरस्त नहीं किया गया तो सभी शिक्षक परीक्षाओं का बहिष्कार करने पर मजबूर होंगे।
इस अवसर पर जिला के महासचिव योगराज राणा, वित्त सचिव धीरेन्द्र शर्मा, वरिष्ठ उपप्रधान सुमन कुमार, मुख्य प्रेस सचिव संजय वर्मा, उपप्रधान एनआर शर्मा, खंड सिहुंता के प्रधान महेंद्र पाल, चुवाड़ी के प्रधान मोहन लाल, बनीखेत के प्रधान अशोक कुमार, सुंडला के प्रधान विमल शर्मा, सलूणी के प्रधान पवन कुमार, कल्हेल के प्रधान पवन शर्मा, तीसा के प्रधान बजीरू राम, मैहला के प्रधान राजकुमार, गैहरा के प्रधान राजेश शर्मा, गरोला के प्रधान अनिल कुमार और भरमौर के प्रधान यशपाल सिंह मौजूद रहे।