सुंडला में अग्निकांड में आठ खोखे जलने और उनके स्थान पर नई पक्की दुकानों के बनने का मामला राजनीतिक रंग ले गया है।
सरकारी भूमि पर बने पुराने खोखे जलने के बाद जब नए खोखों के निर्माण कार्य को रोकने के लिए प्रशासन की ओर से तहसीलदार सलूणी अजय पराशर मौके पर पहुंचे तो उन्हें वहां मौजूद लोगों का सामना करना पड़ा। इससे सरकारी कार्य में बाधा पहुंची।
इस पर तहसीलदार सलूणी की शिकायत पर स्थानीय पंचायत के तीन पंचायत प्रतिनिधियों सहित अन्य लोगों पर मामला दर्ज करवाया गया है। तहसीलदार ने अपनी शिकायत में बताया कि 23 तारीख को सुबह के ग्यारह बजे जब मौके पर प्रशासन अपना कार्य कर रहा था, तो उक्त लोगों ने एकत्रित होकर सरकारी कार्य को करने में बाधा पहुंचाई।
उधर पुलिस ने तहसीलदार के बयान पर आरोपियों के खिलाफ भादंसं की धारा 353, 457, 147 व 149 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। इसकी पुष्टि करते हुए डीएसपी चंबा हेडक्वार्टर वीर बहादुर सिंह ने बताया कि सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाना कानून जुर्म है। मामले को लेकर पुलिस जांच कर रही है। शीघ्र ही चालान बना कर न्यायालय में पेश कर दिया जाएगा।