पंजाब के माखन को मौत खींच लाई बकाणी, अधूरी रही भोलेनाथ के दर्शन की हसरत
दोस्तों के साथ मणिमहेश के लिए निकले माखन की पहाड़ी से गिरे पत्थर ने ले ली जान
पत्नी और दो बच्चों को छोड़ गया पीछे, सनरूफ पर गिरे पत्थर से हुआ दर्दनाक हादसा
सुभाष कुमार अग्निहोत्री
चंबा। शिव के चरणों में शीश नवाने की हसरत लिए पंजाब से दोस्तों के साथ निकला माखन सिंह रास्ते में जिंदगी की जंग हार गया।
दोस्तों के साथ हंसते-खेलते मणिमहेश के लिए निकले माखन को क्या पता था उनका यह सफर जिंदगी का आखिरी बन जाएगा। पहाड़ी से अचानक गिरे पत्थर ने कार के सनरूफ को तोड़ते हुए माखन की जान ले ली।
माखन सिंह (40) पुत्र शरवन सिंह होशियारपुर, पंजाब का रहने वाला था। हादसे के बाद क्षेत्र में शोक की लहर है। माखन सिंह अपने पीछे पत्नी और दो बच्चों को छोड़ गया है। परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। माखन सिंह दोस्तों के साथ धार्मिक यात्रा पर निकला था। सभी दोस्त हंसी-खुशी यात्रा का आनंद लेते हुए आगे बढ़ रहे थे। दोस्तों का कहना है कि सभी की इच्छा शिव के दर्शन करने की थी लेकिन रास्ते में अचानक पहाड़ी से गिरे पत्थर ने सब कुछ बदल दिया।
हादसे के समय माखन सिंह के साथ विपन सिंह पुत्र रिखी राम निवासी गांव सलौट, डाकघर इंदौरा जिला कांगड़ा, गोपाल पुत्र सुभाष सिंह, निवासी इंदौरा, अभिनव पुत्र प्रवीण निवासी भतु, इंदौरा और सलीम पुत्र रफीक निवासी हसनपुर लुहारी, जिला शामली (उत्तर प्रदेश) भी थे।
दोस्तों के अनुसार यात्रा के दौरान अचानक पहाड़ी से पत्थर गिरा। यह कार के सनरूफ पर आ गिरा। पत्थर की चोट से सनरूफ टूट गया और माखन सिंह गंभीर रूप से घायल हो गया। इसकी बाद उसकी मौत हो गई। दोपहर बाद मृतक के परिजनों के पहुंचने के बाद पुलिस ने पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कर शव की परिजनों के सुपुर्दगी दी। हादसे ने एक परिवार का सहारा छीन लिया और दोस्तों की धार्मिक यात्रा को जिंदगी भर न भूल पाने वाली दर्दनाक याद में बदल दिया।