तेलका (चंबा)। पंचायत सालवां में वर्ष 2001 से 2026 तक लगातार महिलाओं के लिए आरक्षण लागू रहने को लेकर स्थानीय लोगों में रोष देखने को मिल रहा है।
पंचायत रोस्टर को लेकर ग्रामीणों ने सवाल उठाते हुए कहा कि पिछले लगभग 25 वर्षों से पुरुषों को प्रतिनिधित्व करने का अवसर नहीं मिल पाया है।
जानकारी के अनुसार पंचायत में 574 महिला मतदाता और 600 पुरुष मतदाता हैं। बावजूद इसके पंचायत का पद लगातार महिलाओं के लिए आरक्षित रखा गया है जिससे पुरुष वर्ग में असंतोष बढ़ता जा रहा है।
रोस्टर के अनुसार वर्ष 2000 से 2005 तक अनुसूचित जाति महिला, 2005 से 2010 तक महिला अनारक्षित, 2010 से 2015 तक महिला अनारक्षित, 2015 से 2020 तक अनुसूचित जाति महिला, 2020 से 2025 तक अनुसूचित जनजाति महिला और हाल ही में जारी 2025-2026 के रोस्टर में भी महिला अनारक्षित रखा गया है। ग्रामीणों का कहना है कि बार-बार एक ही पंचायत को महिला वर्ग के लिए आरक्षित रखना न्यायसंगत नहीं है और आरक्षण प्रणाली में संतुलन होना चाहिए।
स्थानीय निवासी राकेश कुमार, जोगिंदर सिंह, संजय कुमार, प्रकाश दत्त शर्मा, नरेश कुमार, पृथ्वी सिंह, मनोज कुमार, राजिंदर ठाकुर और रोहित कुमार ने कहा कि पंचायत में लंबे समय से एक ही वर्ग को आरक्षण देने से अन्य लोगों को मौका नहीं मिल रहा है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि भविष्य में रोस्टर तय करते समय संतुलन और निष्पक्षता का विशेष ध्यान रखा जाए।