प्रदेश के 301 पदोन्नत वन राजिक दस माह से ताक रहे अपनी तैनाती की राह
हर बार सरकार दे रही आश्वासन, पूरा करने की नहीं दी जा रही कोई समय अवधि
वन राजिक बनने के बाद भी कर्मचारियों को संभालना पड़ रहा वन रक्षक का कार्य
संवाद न्यूज एजेंसी
खज्जियार (चंबा)। प्रदेश के 301 वरिष्ठ वन रक्षकों को पदोन्नत करने के बाद सरकार उनकी तैनाती करना भूल गई है।
चंबा दौरे पर जब मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री आए थे तो इन कर्मचारियों ने तैनाती को लेकर उन्हें मांगपत्र सौंपे थे। उन्हें आश्वासन दिया गया कि जल्द ही उनकी तैनाती के आदेश जारी हो जाएंगे लेकिन यह आश्वासन उन्हें पूरा होता हुआ नहीं दिखाई दे रहा है। वन राजिक बनने के बाद भी वन रक्षकों के पदों पर तैनात होकर अपनी ड्यूटी निभा रहे हैं जबकि प्रदेश में 400 पद वन राजिक के खाली हैं।
वन अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ के प्रधान विशाल ने कुमार ने बताया कि 25 सितंबर 2025 को वन रक्षकों को पदोन्नत कर वन राजिक बनाया गया था। तबसे लेकर आज दिन तक उन्हें तैनाती नहीं दी गई है। सरकार वन रक्षकों के रिक्त पदों पर भर्ती करके उन्हें भरने की प्रक्रिया शुरू कर सकती है लेकिन पदोन्नत हो चुके वन रक्षकों से अभी तक उसी पद पर बिठाए रखना न्याय संगत नहीं है। सरकार का ढुलमुल रवैया कहीं न कहीं प्रदेश के 300 कर्मचारियों में रोष पैदा कर रहा है। प्रदेश सरकार हरेक कर्मचारी वर्ग को कोई न कोई तोहफा देने की घोषणा कर रही है जबकि अपने हक की मांग कर रहे इन कर्मचारियों को नजरअंदाज किया जा रहा है। जोकि, आने वाले समय में कहीं न कहीं सरकार व कर्मचारियों के बीच टकराव पैदा कर सकता है।