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Chamba News: पानी-सीवरेज बिलों का विरोध, लोग बोले, सरकार वापस ले निर्णय

Sun, 10 Nov 2024 12:04 AM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
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शादी लाल शर्मा, प्रबुधजन। पानी के बिल में बेहिताशा वृद्धि, परिचर्चा।
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चंबा। जिले में पानी और सीवरेज बिलों में हाल ही में हुई बेहिसाब वृद्धि के बाद से लोगों में गुस्से और निराशा का माहौल है। जलशक्ति विभाग द्वारा भेजे गए बढ़े हुए बिलों ने स्थानीय जनता के बीच असंतोष पैदा कर दिया है। नागरिकों का कहना है कि महंगाई की मार पहले ही उन्हें परेशान कर रही है और अब पानी जैसे मूलभूत संसाधन पर अतिरिक्त बोझ डालना उनके लिए असहनीय हो गया है।
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प्रबुद्ध नागरिकों और स्थानीय लोगों ने इस वृद्धि को जनविरोधी बताते हुए सरकार से अपील की है कि वह यह निर्णय तुरंत वापस ले। प्रबुद्धजनों ने कहा कि मानव शरीर पांच तत्वों पृथ्वी, जल, अग्नि, वायु और आकाश से बना है। उसमें भी पानी सबसे अहम हैं। मगर सरकार द्वारा पानी के बिलों में बेतहाशा वृद्धि कर जनता पर अतिरिक्त बोझ डाला जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार को समय रहते टायलेट शीट के निर्णय की भांति ही इस प्रकार के जनता विरोधी निर्णय को वापिस ले लेना चाहिए, ताकि महंगाई की मार झेल रहे लोगों को राहत मिल सके।

महंगाई की मार से एक तरफ हर वर्ग त्रस्त है। वहीं सरकार पानी के बिलों में बेतहाशा वृद्धि जनता पर बोझ डालने का काम कर रही है। मानवी शरीर पांच तत्वों से बना है, जिसमें पानी अहम हैं। बावजूद इसके प्रदेश में पानी के बिलों पर ही बेतहाशा वृद्धि की जा रही है, जो सरासर गलत है। -शादी लाल शर्मा
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चंबा आकांक्षी जिला है। चंबा शहर प्रदेश भर में किसी बड़े शहर में शामिल नहीं हैं। ऐसे में पानी के बिलों में होने वाली वृद्धि जनता विरोधी है। लिहाजा, सरकार को ध्यान में रखते हुए टायलेट शीट के तरह ही पानी के बिलों में की गई बढ़ोतरी को वापिस लेना चाहिए, ताकि लोगों पर बोझ न पड़े। -बुधिया राम

पानी-सीवरेज के बिलों में बढ़ोतरी कर लोगों की मुसीबतों को बढ़ाने का काम किया है। हिमाचल की बात की जाए तो हर माह नए-नए फैसले लेकर जनता पर बोझ डाला जा रहा है। इससे गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों की मुसीबतें बढ़ती नजर आ रही है। सरकार अपने फैसले का तुरंत वापिस ले। -अरुण कुमार

खाद्य सामग्री समेत अब पानी और सीवरेज के बिलों में होने वाली बढ़ोतरी लोगों के गले नहीं उतर रही है। सरकार को जन हित का ध्यान रखते हुए ही निर्णय लेने चाहिए। सरकार लोगों के कल्याण के लिए होती है, न कि जनता पर ट्रैक्स के रूप में बोझ डालने के लिए। सरकार लोगों पर अतिरिक्त बोझ न डाले। -अजय महाजन, शहरवासी

शादी लाल शर्मा, प्रबुधजन। पानी के बिल में बेहिताशा वृद्धि, परिचर्चा।

शादी लाल शर्मा, प्रबुधजन। पानी के बिल में बेहिताशा वृद्धि, परिचर्चा।

शादी लाल शर्मा, प्रबुधजन। पानी के बिल में बेहिताशा वृद्धि, परिचर्चा।

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