मौड़ा पंचायत में सूचना अधिकार के तहत हासिल जानकारी का रिकॉर्ड जलाने के मामले की तफतीश कर रही पुलिस कोई बड़ा खुलासा नहीं कर पाई है। बुधवार को भी पुलिस खाली हाथ ही रही। उधर, घटना के बाद पूरा मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गया है। पंचायत चुनाव के मद्देनजर इस मामले को साजिश के रूप में भी देखा जा रहा है।
उधर, पुलिस का कहना है कि जिस रात यह घटना हुई उस रात की सारी कॉल डिटेल खंगाली जा रही है। मामले से जुड़े सभी लोगों की कॉल डिटेल मांगी गई है। पुलिस जल्द ही मामले का पर्दाफाश करेगी। जबकि मौड़ा पंचायत प्रधान शीला देवी का कहना है कि उनके खिलाफ साजिश रची गई है।
सूचना अधिकार के तहत बनाया गया रिकॉर्ड यदि जलाना ही होता तो पंचायत इसे बनाती ही नहीं। पंचायत घर से रिकॉर्ड उठाकर जलाया गया है। उन्होंने कहा कि मामले की पूरी जांच होनी चाहिए और जो भी दोषी पाया जाता है उसके खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने की जरूरत है। किहार थाना प्रभारी जगदीश सिंह का कहना है कि पुलिस मामले की छानबीन कर रही है और जल्द ही पूरा सच सामने आ जाएगा।