पांगी (चंबा)। जनजातीय क्षेत्र पांगी की राजकीय माध्यमिक पाठशाला टकवास में आठवीं कक्षा के मात्र एक विद्यार्थी की पढ़ाई चपरासी के जिम्मे है। एक माह से स्कूल में अध्यापक की व्यवस्था नहीं की गई है। एक माह पहले यहां दो अध्यापक कार्यरत थे जिनकी ड्यूटी शिक्षा विभाग ने दूसरे स्कूलों में लगा दी है। एक माह पहले जब प्रशासन गांव की ओर कार्यक्रम के तहत आवासीय आयुक्त पांगी रितिका जिंदल ने हुडान पंचायत का दौरा किया तो उस दौरान पंचायत प्रतिनिधियों ने आवासीय आयुक्त को बताया कि टकवास में एक विद्यार्थी को दो अध्यापक पढ़ा रहे हैं। इसलिए यहां से अध्यापकों को आसपास के स्कूलों में स्थानांतरित किया जाए। मात्र एक विद्यार्थी को भी साथ लगते स्कूल में दाखिल करवा दिया जाएगा लेकिन बच्चे के अभिभावकों ने उसका दाखिला दूसरे स्कूल में नहीं करवाया। अभिभावकों ने उसे इसी स्कूल में पढ़ाने का निर्णय लिया जबकि शिक्षा विभाग ने प्रशासन और पंचायत प्रतिनिधियों के कहने पर दोनों अध्यापकों को दूसरे स्कूलों में शिफ्ट कर दिया है। इसके चलते टकवास पाठशाला में पढ़ने वाले इकलौते विद्यार्थी की पढ़ाई अब चपरासी के सहारे है। समय रहते इस विद्यार्थी को पढ़ाने के लिए अध्यापक की व्यवस्था नहीं की गई तो उसकी पढ़ाई प्रभावित हो सकती है। ऐसा होने पर बच्चे का साल भी बर्बाद हो सकता है।
नागरिक उपमंडल अधिकारी पांगी रमन घरसंगी ने बताया कि शिक्षा विभाग से इस मामले को लेकर बात की जाएगी। या तो बच्चे को दूसरे स्कूल में शिफ्ट किया जाएगा या उसे पढ़ाने के लिए अध्यापक की व्यवस्था करवाई जाएगी। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला किलाड़ के प्रधानाचार्य भगवान दास ने बताया कि टकवास के इकलौते विद्यार्थी का नजदीकी टुंडरू स्कूल में दाखिला करवाया जाएगा। यदि ऐसा नहीं हो पाया तो विद्यार्थी की पढ़ाई के लिए आवासीय आयुक्त से चर्चा करके अध्यापक की व्यवस्था करवाई जाएगी।