चंबा। कड़ाके की ठंड शहर के फुटपाथ पर सोने वाले असमर्थ लोगों को अब शेल्टर मैनेजमेंट कमेटी रैन बसेरा तक पहुंचाएगी।
सर्दियों के मौसम के चलते नगर परिषद की कमेटी ने यह निर्णय लिया है। पुराना बस स्टैंड के पास नगर परिषद ने रैन बसेरा बनाया है। यहां 16 बिस्तरों की व्यवस्था की गई है। इनमें पांच बिस्तर ऐसे लोगों के लिए आरक्षित किए गए हैं, जो शहर में फुटपाथ में रात बिताते हैं और रैन बसेरा का शुल्क अदा करने में असमर्थ हैं। ऐसे लोग अब रैन बसेरे में रातें बिताएंगे।
नगर परिषद चंबा की अध्यक्ष नीलम नैय्यर ने पुराना बस स्टैंड रैन बसेरा का निरीक्षण भी किया है। यहां तमाम व्यवस्थाओं की जांच की। इस दौरान रैन बसेरा में ठंड से बचने के लिए पर्याप्त बिस्तर और अन्य सामान उपलब्ध है। प्रबंधन को निर्देश दिए हैं कि किसी भी प्रकार की कमी के लिए वे मैनेजमेंट कमेटी को अवगत करवाएं।
गौरतलब है कि राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन के तहत यह रैन बसेरा चलाया जा रहा है। नगर परिषद की शेल्टर मैनेजमेंट कमेटी इसकी व्यवस्था देख रही है। वहीं, तीमारदार और यात्री भी इस रैन बसेरा में रात बिता सकते हैं। इसके लिए अलग से व्यवस्था की गई है। 11 बिस्तर यात्रियों और तीमारदारों के लिए हैं। इन्हें ठहरने का एक सौ रुपये प्रति रात्रि शुल्क देना होगा। नगर परिषद चंबा की ओर से इस तरह की व्यवस्था करने का मकसद लोगों को राहत पहुंचाना है।
सार्वजनिक स्थलों पर लगेंगे रैन बसेरा के बोर्ड
नगर परिषद ने यह भी निर्णय लिया है कि रैन बसेरा के प्रचार को लेकर मेडिकल कॉलेज में बोर्ड लगाया जाएगा। पुराना बस अड्डा और न्यू बस स्टैंड चंबा में भी बोर्ड लगाए जाएंगे, जिससे लोगों को इस बारे में जानकारी मिल सके।
नगर परिषद चंबा की अध्यक्ष नीलम नैय्यर ने बताया कि 16 बिस्तर लगाए गए हैं। इनमें पांच बिस्तर असमर्थ और फुटपाथ पर सोने वाले लोगों के लिए आरक्षित हैं। ऐसे लोगों से किसी प्रकार की शुल्क नहीं लिया जाएगा।