चंबा। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल सिढ़कुंड में प्रधानाचार्य सहित 13 शिक्षकों के पद रिक्त पड़े हैं। इसकी वजह से विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। मुख्य विषयों के प्रवक्ता नहीं होने से विद्यार्थी पढ़ाई में पिछड़ रहे हैं। प्रवक्ताओं के रिक्त पद भरने के बजाय सरकार यहां से प्रवक्ताओं का दूसरी जगह तबादला कर रही है। इसकी वजह से स्कूल में प्रवक्ताओं के पद खाली होते जा रहे हैं। प्रधानाचार्य का पद सबसे मुख्य होता है लेकिन मौजूदा समय में यह पद भी खाली पड़ा है। हैरानी इस बात की है कि सरकार और शिक्षा विभाग की तरफ से इन पदों को भरने के लिए कोई दिलचस्पी नहीं दिखाई जा रही है। इसको लेकर विद्यार्थियों और अभिभावकों में रोष है।
स्कूल में प्रधानाचार्य के अलावा फिजिक्स, बायोलॉजी, टीजीटी मेडिकल, टीजीटी नॉन मेडिकल, भाषा, कला, आईटी और शारीरिक शिक्षकों के पद खाली पड़े हैं। वहीं क्लर्क, वरिष्ठ सहायक और लाइब्रेरी अटेंडेंट के पद भी खाली पड़े हैं। इसकी वजह से विद्यार्थियों की पढ़ाई के साथ-साथ स्कूल प्रबंधन कार्य भी प्रभावित हो रहा है। अभिभावकों राकेश कुमार, भूपिंद्र कुमार, नरेंद्र कुमार, सतीश कुमार, केवल कृष्ण, सोमदत्त, तिलक राज और परस राम ने बताया कि प्रवक्ताओं के पद खाली होने से विद्यार्थियों की पढ़ाई सही तरीके से नहीं हो सकती। ऐसे में अभिभावकों को अब अपने बच्चे दूसरे स्कूलों में दाखिल करवाने के लिए मजबूर होना पड़ेगा। उन्होंने सरकार और शिक्षा विभाग से मांग की है कि स्कूल में रिक्त पदों को शीघ्र भरा जाए।
उच्च शिक्षा उपनिदेशक प्यार सिंह चाढ़क ने बताया कि सिढ़कुंड स्कूल में प्रवक्ताओं के रिक्त पदों के बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं है। इसके लिए स्कूल प्रभारी से जानकारी ली जाएगी। और प्रवक्ताओं के रिक्त पद भरने की व्यवस्था करवाई जाएगी।