25 हजार रुपये मानसिक उत्पीड़न, मुकदमेबाजी पर खर्च 7,500 रुपये भी देगा आरोपी
जिला उपभोक्ता आयोग का फैसला, पैसे लेने के बाद भी नहीं दी थी गृह निर्माण सामग्री
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। घर बनाने के लिए सरिये समेत निर्माण सामग्री के पैसे लेने के बावजूद सरिया और निर्माण सामग्री की आपूर्ति न करना व्यक्ति को भारी पड़ गया।
जिला उपभोक्ता आयोग धर्मशाला-चंबा की अदालत ने आरोपी को 50,000 रुपये की राशि 9 प्रतिशत ब्याज सहित प्रभावित को देने के आदेश जारी किए हैं। आरोपी को 25 हजार रुपये मानसिक उत्पीड़न के लिए और मुकदमेबाजी पर खर्च 7,500 रुपये भी देने होंगे।
जिला उपभोक्ता आयोग में पहुंचे मामले में पीड़ित खुशवंत सिंह ने बताया कि पवन कुमार घर निर्माण के कार्य में श्रमिक का कार्य करने के अलावा निर्माण सामग्री भी बेचता है। शिकायतकर्ता ने बताया कि 2022 में वह अपना मकान बना रहे थे। दिसंबर 2022 में लेंटर डालने के लिए सरिया समेत अन्य गृह निर्माण सामग्री की आवश्यकता थी। उन्होंने पवन को यह बात बताई। उसने सरिया मुहैया करवाने की बात कही। 15 दिसंबर 2022 में उन्होंने आरोपी को 50 हजार रुपये का भुगतान कर दिया। लेंटर डालने के 15 दिन बीतने के बाद भी वह सामान नहीं दे पाया। बार-बार सामान मुहैया करवाने की बात करने पर भी आरोपी इसमें विफल रहा। उन्होंने 25 अगस्त 2022 को आरोपी पवन को कानूनी नोटिस जारी किया। आरोपी ने कानूनी नोटिस का जवाब नहीं दिया। इसके बाद पीड़ित ने जिला उपभोक्ता आयोग में याचिका लगाई। विभिन्न गवाहों और सबूतों के आधार पर अदालत ने आरोपी को 50,000 रुपये की राशि 9 प्रतिशत ब्याज सहित प्रभावित को देने के आदेश जारी किए हैं। आरोपी को 25 हजार रुपये मानसिक उत्पीड़न के और मुकदमेबाजी पर खर्च 7,500 रुपये भी अदा करना होंगे।