चंबा। भारी बर्फबारी से जनजातीय क्षेत्र पांगी में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। घाटी के दूरस्थ गांव और हिमाचल के दूसरे सबसे उंचाई वाले पोलिंग बूथ मुर्छ गांव में हिमखंड गिरने का खतरा पैदा हो गया है।
इस बारे में पंचायत प्रधान ने गांव में रहने वाले सभी परिवारों को सचेत कर दिया है। गांव में अब तक चार फीट तक बर्फबारी हो चुकी है। यह गांव किलाड़ मुख्यालय से 50 किलोमीटर दूर है। गांव तक अभी सड़क नहीं पहुंची है। गांववासी बर्फ के दौरान और साफ मौसम में भी पैदल ही यात्रा करते हैं। वर्ष 2020 में भी भारी बर्फबारी होने पर मुर्छ गांव में हिमखंड गिरा था। इसमें तीन परिवार बेघर हो गए थे।
गांव में 35 परिवार रहते हैं। इन्हें पंचायत प्रधान की तरफ से एहतियात बरतने की सलाह दी गई है। रात के समय अपने घर से अनावश्यक बाहर नहीं निकलने का परामर्श दिया गया है। गांववासियों से कहा गया है कि इस प्रकार की आपदा की परिस्थिति में एक दूसरे की मदद करने के लिए तैयार रहें। सभी लोग मिलकर ऐसी आपदा आने पर राहत का कार्य करें। पंचायत प्रधान को भी सूचना दे दें। फिलहाल, अभी तक गांव में बर्फबारी से किसी प्रकार के नुकसान की सूचना नहीं है। सेचू पंचायत प्रधान सुरेंद्र कुमार ने बताया कि मुर्छ गांव में भारी बर्फबारी होने से हिमखंड गिरने का खतरा पैदा हो गया है। उन्होंने गांववासियों से सचेत रहने के लिए कहा है। गांववासियों की मदद के लिए पंचायत की तरफ से हरसंभव प्रयास किए जाएंगे।