भरमौर मार्ग पर जांघी में फंसे श्रद्धालु। संवाद
चंबा। मणिमहेश यात्रा के दौरान रविवार रात को चंबा-भरमौर मार्ग पर भूस्खलन से श्रद्धालुओं के वाहन फंस गए। कई घंटे तक प्रशासन और पुलिस की कोई मदद न मिलने पर श्रद्धालुओं ने हिमाचल सरकार और डीसी चंबा के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।
पंजाब से आए इन श्रद्धालुओं में महिला, बुजुर्ग और बच्चे भी शामिल थे, जिन्हें रातभर बीच सड़क पर भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। फंसे यात्रियों ने भरमौर और चंबा के विधायकों को भी फोन कर स्थिति से अवगत करवाया, लेकिन राहत नहीं पहुंची। इससे आक्रोशित श्रद्धालुओं ने मौके पर ही सरकार और प्रशासन के खिलाफ नारे लगाए और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया।
श्रद्धालुओं का कहना है कि मणिमहेश यात्रा अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त धार्मिक यात्रा है, लेकिन श्रद्धालुओं की सुरक्षा व सुविधा को लेकर प्रशासन के इंतजाम न के बराबर हैं। बरसात के मौसम में यात्रा आयोजित होती है, ऐसे में पहले से पुख्ता इंतजाम किए जाने चाहिए थे।
बताया जा रहा है कि रविवार रात को जांघी सहित कई स्थानों पर भूस्खलन के कारण सैकड़ों यात्री फंसे रहे। मौके पर जेसीबी मशीन जरूर पहुंची, लेकिन कुछ देर बाद ही वापस चली गई। श्रद्धालुओं ने चेतावनी दी कि इस तरह की अव्यवस्था यात्रियों की जिंदगी पर भारी पड़ सकती है।
भरमौर मार्ग पर जांघी में फंसे श्रद्धालु। संवाद
भरमौर मार्ग पर जांघी में फंसे श्रद्धालु। संवाद