सोमवार की सुबह करीब दस बजे बंद हुआ चंबा-होली मार्ग मंगलवार को भी शाम तक वाहनों की आवाजाही के लिए खुल नहीं पाया। इससे चंबा से होली और होली से चंबा के बीच में होने वाला यातायात पूरी तरह से ठप रहा।
हालांकि लोनिवि की लेबर और मशीन मच्छैत्तर नामक स्थान पर गिरे मलबे को हटाने की कोशिश तो करते रहे लेकिन पहाड़ जैसे मलबे के आगे लोनिवि के प्रयास बौने साबित हो रहे थे। रास्ते में फंसे लोगों ने बताया कि लोनिवि ने एक ओर से ही मलबा हटाने का कार्य जारी रखा हुआ है। ऐसे में राहत कार्य की गति काफी मंद रही। मार्ग बंद रहने से जहां सरकारी और गैर सरकारी कार्य प्रभावित हुआ तो आम लोगों को भी दिनचर्या में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
लोगों में से राम सिंह, तिलक राज, मनोज कुमार, काका राम, बलराम, प्रकाश, दूनी चंद, प्रहलाद, कमल सिंह, योग राज और मनोहर ने बताया कि होली और चंबा के मध्य रोजाना सैकड़ों कामकाजी लोग आवाजाही करते हैं लेकिन मार्ग दो दिनों तक बंद रहने से उन्हें काफी समस्याएं पेश आ रही है। ऐसे में लोगों ने लोनिवि से मांग की है कि चंबा-होली मार्ग को शीघ्र वाहनों की आवाजाही के लिए खोला जाए।
उधर इस संबंध में लोनिवि के जेई राजकुमार ने बताया कि लोनिवि ने राहत कार्य युद्घ स्तर पर शुरू किया हुआ है। शीघ्र ही मार्ग को वाहनों की आवाजाही के लिए बहाल कर दिया जाएगा।