बसों में 50 प्रतिशत सवारियां चढ़ाने के नियम को धत्ता बता निजी बस में सवार यात्री।
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चंबा। दिन वीरवार। समय दोपहर सवा बारह बजे। स्थान बस स्टैंड चंबा। सरकार के बसों में पचास फीसदी सवारियां बैठाने के निर्देशों का पालन कहीं नजर नहीं आ रहा है। सरकारी और निजी बसों में सौ फीसदी सवारियां ढोई जा रही हैं। यही नहीं, बसों में सिटिंग के अलावा कई सवारियां खड़े होकर भी सफर करती देखी गईं।
ऐसा लगता है कि चंबा जिले में बस ऑपरेटरों पर कोई नियंत्रण नहीं है। समय दोपहर डेढ़ बजे। निजी बस में भी 50 प्रतिशत सवारियों का नियम कहीं नजर नहीं आया। यात्री भी बिना किसी भय के बस में सफर करते दिखे। देखते ही देखते बस सवारियों से खचाखच भर जाती है। बस में कई सवारियां बिना मास्क ही सफर करती नजर आईं।
चंबा-पनैला, चंबा-धरवाला, भरमौर, लिहल, करियां, होली, तीसा, भंजराडू, हिमगिरी सहित अन्य रूटों पर जाने वाली सरकारी और निजी बसों में सौ प्रतिशत क्षमता के साथ सवारियां बैठाई गईं। सरकार और जिला प्रशासन कोरोना संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए जहां कई बंदिशें लगा रहे हैं वहीं, दूसरी ओर बसों में सवारियों की भीड़ जमा करके कोरोना संक्रमण को न्योता दिया जा रहा है। इसको लेकर जिला प्रशासन को कड़े कदम उठाने की आवश्यकता है अन्यथा जिस हिसाब से बसों में सवारियां ढोई जा रही हैं, इससे आने वाले समय में हालात बेकाबू हो सकते हैं। बस ऑप्रेटरों की मनमानी लोगों की जिंदगी पर भारी पड़ सकती है।
क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी ओंकार सिंह ने बताया कि बस ऑपरेटरों को पचास प्रतिशत सवारी बैठाने को लेकर जागरूक किया जा रहा है। लोगों को भी समझदारी दिखाते हुए बसों में दूरी बनाकर सफर करना चाहिए। अगर कोई बस ऑपरेटर नियमों की अवहेलना करता है तो पुलिस उसके खिलाफ कार्रवाई करेगी।