चंबा मुख्य चिकित्सा अधिकारी सभागार में एड्स को लेकर जागरूकता शिविर के दौरान विभिन्न संस्थानो
चंबा। एड्स एक जानलेवा एवं लाइलाज बीमारी है, यदि इसका समय पर इलाज न करवाया जाए तो इससे मौत निश्चित है। यदि हर व्यक्ति अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक हो तो इस बीमारी से बचा जा सकता है। कोई व्यक्ति इस बीमारी की चपेट में आ गया है तो वह समय पर एआरटी थेरेपी के जरिये इलाज करवाकर लंबा सामान्य जीवन जी सकता है। यह बात मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर बिपिन ठाकुर ने एचआईवी और एड्स के बारे में जागरूकता प्रशिक्षण शिविर की अध्यक्षता करते हुए कही।
उन्होंने एचआईवी के लक्षणों, फैलने के कारणों, रोकथाम, बचाव एवं इलाज के बारे में प्रतिभागियों को विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि इसका मुख्य कारण असुरक्षित यौन संबंध है इसके अलावा एचआईवी संक्रमित खून स्वस्थ व्यक्ति को चढ़ाने से, एक ही सिरिंज का इस्तेमाल करने से और एचआईवी संक्रमित मां से बच्चे को भी संक्रमण होने का खतरा हो सकता है। गर्भवती महिला को गर्भावस्था के दौरान अपना एचआईवी टेस्ट जरूर करवाना चाहिए। इस मौके पर जिला स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ. कविता महाजन, जिला कार्यक्रम अधिकारी डाॅ. हरित पुरी विशेष रूप से उपस्थित रहे।