चंबा। जिले में चार माह बाद हुई बारिश और ऊपरी इलाकों में बर्फबारी ने किसानों और बागवानों के चेहरे खिल गए हैं। गेहूं और जौ की फसल को जहां संजीवनी मिली, वहीं बेमौसमी सब्जियों के लिए भी पर्याप्त पानी हो गया। ऊपरी इलाकों में हुई बर्फबारी ने सेब के बगीचों में चिलिंग ऑवर्स पूरे करने की उम्मीद जगाई है। इससे बागवानों में नए पौधे लगाने की भी उत्सुकता बढ़ गई है। इससे एक लाख किसानों और डेढ़ लाख बागवानों ने राहत की सांस ली है।
किसान और बागवान संजीव कुमार, धर्म कुमार, रमेश शर्मा, कुलदीप कुमार, राकेश कुमार और तेज सिंह आदि ने बताया कि उन्हाेंने महंगे बीज और पौधे खरीदे हैं। अगर बारिश नहीं होती तो उन्हें काफी नुकसान हो जाता, लेकिन महीनों का इंतजार आखिरकार पूरा हो गया है।
अब आलू की बिजाई शुरू कर दें किसान
कृषि विभाग के उपनिदेशक डॉ. भूपेंद्र सिंह ने सलाह दी है कि किसान जल्द ही आलू की बिजाई शुरू करें, ताकि भविष्य में फसल की अच्छी पैदावार हो सके।
बागवान लगा सकते हैं नए पौधे
उद्यान विभाग के उपनिदेशक डॉ. प्रमोद शाह ने बागवानों से कहा है कि वे नए सेब, खुमानी, अखरोट, पल्लम, कीवी, आड़ू और नींबू के पौधे लगाना शुरू कर दें। बारिश और बर्फबारी ने किसानों और बागवानों के लिए नई उम्मीदें जगाई हैं और फसलों की अच्छी पैदावार की संभावना बढ़ा दी है।