ऑनलाइन संगोष्ठी के 18वें भाग में साहित्य, शिक्षा और पारंपरिक कला पर हुई चर्चा
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। महिला साहित्यकार संस्था हिमाचल प्रदेश की राज्यस्तरीय ऑनलाइन संगोष्ठी शृंखला नारी मन की संवेदना का 18वां भाग आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय मैहला की छात्रा अरू ने मां सरस्वती की वंदना से किया। संचालन संस्था की चंबा इकाई की अध्यक्ष डॉ. कविता बिजलवान ने किया।
मुख्य अतिथि कुल्लू की समाजसेविका इंदिरा शर्मा ने महिलाओं की क्षमताओं को पहचानने और राष्ट्र निर्माण में उनकी भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया। विशिष्ट वक्ता सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य डॉ. मंजू जयरायल ने शिक्षा विभाग में अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने विद्यालयों के विकास और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए किए गए प्रयासों पर प्रकाश डाला।
कांगड़ा की कला साधिका दिनेश कुमारी ने हस्तशिल्प और हथकरघा के क्षेत्र में अपनी यात्रा साझा की। चंबा रुमाल की पारंपरिक कढ़ाई के संरक्षण में योगदान देने वाली दिनेश कुमारी राज्य पुरस्कार सहित कई सम्मान प्राप्त कर चुकी हैं। वह बालिकाओं को इस पारंपरिक कला का प्रशिक्षण भी दे रही हैं।
संस्था की संस्थापक एवं प्रांत अध्यक्ष डॉ. रीता सिंह ने बताया कि यह शृंखला पिछले डेढ़ वर्ष से महिलाओं को साहित्य, कला, लेखन और समाजसेवा के क्षेत्र में अभिव्यक्ति का अवसर दे रही है। कार्यक्रम में स्वप्ना जायसवाल, सोमलता ठाकुर सहित साहित्य प्रेमियों ने भाग लिया। अंत में डॉ. कविता बिजलवान ने सभी अतिथियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।