एनएचएआई कर्मियों ने महिला मरीज को को पेट्रोलिंग वैन से पहुंचाया मेडिकल कॉलेज
पहाड़ से पत्थर गिरने और भूस्खलन के चलते बंद था भरमौर-पठानकोट हाईवे
जोखिम के बीच मरीज को एंबुलेंस से निकालकर पेट्रोलिंग गाड़ी में किया शिफ्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
भरमौर/चंबा। जब पहाड़ ने रास्ता रोका और जिंदगी इंतजार में थी, तब एनएचएआई की पेट्रोलिंग टीम उम्मीद बनकर सामने आई। भूस्खलन से बंद भरमौर हाईवे पर फंसी गंभीर मरीज महिला को टीम ने जोखिम उठाकर मलबे के पार पहुंचाया और समय पर इलाज की राह आसान कर दी।
भरमौर-पठानकोट हाइवे पर पहाड़ से पत्थर गिरने और भूस्खलन के चलते शनिवार को भरमौर-चंबा मार्ग बाधित हो गया। दोपहर बाद 4:30 बजे सियुर निवासी एक महिला मरीज शालू को उपचार के लिए चंबा मेडिकल कॉलेज लेकर जा रही एंबुलेंस मलबे के दूसरी ओर फंस गई। मरीज की हालत को देखते हुए इलाज में देरी न हो, इसके लिए एनएचएआई की पेट्रोलिंग टीम ने तत्काल मानवीय पहल दिखाई। टीम ने जोखिम के बीच मरीज को एंबुलेंस से निकालकर पेट्रोलिंग गाड़ी में शिफ्ट किया और चंबा अस्पताल के लिए रवाना किया। मौके पर लगातार पत्थर गिरने से हालात चुनौतीपूर्ण बने रहे। टीम ने सूझबूझ और तत्परता से मरीज को सुरक्षित निकाल लिया। एनएचएआई की इस त्वरित कार्रवाई की स्थानीय लोगों ने सराहना की। उन्होंने कहा कि विपरीत परिस्थितियों में टीम ने संवेदनशीलता और जिम्मेदारी का परिचय दिया। उधर, एनएचएआई के पीडी राहुल ने बताया की हाइवे बंद होने पर भी मरीजों की मदद के लिए पेट्रोलिंग टीम तैनात है। शनिवार को भी महिला मरीज को एक किनारे से दूसरे किनारे शिफ्ट करवाकर मेडिकल कॉलेज भेजा गया।