चंबा। जिला भर में रविवार के दिन निजी बस ऑपरेटर रूटों पर दर्जनों बसें नहीं भेज रहे हैं। इसका खामियाजा स्थानीय लोगों को उठाना पड़ता है। इसके चलते हर रविवार को एचआरटीसी की बसों में ओवरलोडिंग हो जाती है। इससे हादसे का भी खतरा रहता है। यह सिलसिला अरसे से चल रहा है। सोमवार से लेकर शनिवार तक जिले के लगभग सभी रूटों पर प्राइवेट बसें चलती हैं, लेकिन रविवार के दिन कम ही बसें दौड़ती हैं। कई बार सवारी सड़क में कई घंटों तक बसों का इंतजार करती है, लेकिन बसें न आने पर उन्हें मायूसी झेलनी पड़ती है। इतना ही नहीं कई बार तो बस नहीं आने से उन्हें पैदल ही गंतव्य तक पहुंचना पड़ता है। स्थानीय लोगों संजय कुमार, अशोक कुमार, राजेंद्र, मनोज कुमार, प्यार सिंह, भानी चंद, प्रभ दयाल, विजय कुमार, नवजोत सिंह, बूटा राम, होशियारा राम, अश्वनी कुमार व राजेश कुमार ने बताया कि रविवार के दिन जिले में निजी बसों की आवाजाही कम होती है। उन्होंने कहा कि रविवार के दिन निगम की बसें रूटों पर रूटीन की तरह चलती रहती है, लेकिन निजी बसें न चलने के कारण एचआरटीसी बसों में ओवरलोडिंग होती है। उन्होंने प्रदेश सरकार व जिला प्रशासन से मांग की है कि रविवार के दिन जिन रूटों पर निजी बसें नहीं चलाई जाती हैं, उन रूटों पर चलने वाली बसों के परमिट रद्द किए जाएं। साथ ही उन रूटों पर निगम की बसें चलाई जाएं।
इन रूटों पर नहीं चलती बसें
चंबा से करियां, चंबा से साहो, चंबा से सनवाल, भंजराड़ू से देहरोग, चरड़ा से बैरागढ़, बैरागढ़ से सनवाल, झोहडा से सलूणी, डंडी से किहार, किहार से चंबा, हिमगिरी से चंबा सहित अन्य रूटों पर परेशानी झेलनी पड़ती है। इन सभी रूटों पर रविवार के दिन प्राइवेट बसें नहीं चलती हैं। इन रूटों पर पहले ही सरकारी बसें बहुत कम चलती हैं। ऐसे में सैकड़ों लोग प्राइवेट बसों पर भी निर्भर रहते हैं।
रविवार के दिन बसों की सर्विस व अन्य कार्य करवाया जाता है। इसके अलावा लोगों की मांग के अनुसार उन्हें बसें उपलब्ध करवा दी जाती हैं।
-रवि महाजन,
यूनियन प्रधान, निजी बस ऑपरेटर
सभी निजी बस ऑपरेटरों को निर्देश जारी किए गए हैं कि वे अपनी बसों का कार्य इस तरह से करवाएं कि रविवार के दिन कोई भी रूट खाली नहीं रहे। बसों की मरम्मत व रखरखाव भी जरूरी है। लोगों की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए रविवार के दिन सभी निजी बसों को नियमानुसार चलाया जाए।
-ओंकार सिंह, आरटीओ चंबा