तीसा (चंबा)। प्रदेश के जिले के दुर्गम क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाने के दावे जमीन पर पूरी तरह से फेल हो गए हैं। इसका अंदाजा इससे ही लगाया जा सकता है कि तीसा अस्पताल में लंबे समश्य से अल्ट्रासाउंड और सीटी स्कैन की सुविधा मरीजों को नहीं मिल रही है।
इस वजह से मरीजों को टेस्ट करवाने के लिए 50 किलोमीटर का सफर तय कर चंबा जाना पड़ता है। इस वजह सबसे अधिक परेशानी गर्भवती महिलाओं को झेलनी पड़ती है। बावजूद इसके आज तक यहां पर अल्ट्रासाउंड और सिटी स्कैन की सुविधा उपलब्ध नहीं हो पाई है। स्थानीय लोगों ने बताया कि इस बारे वह कई बार तीसा प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग से आग्रह कर चुके है। मगर अभी तक कोई सकारात्मक पहल नहीं हो पाई है।
इसके चलते क्षेत्रवासियों में काफी रोष है। स्थानीय निवासी चत्तर सिंह, भानू प्रताप, अशोक कुमार, नंदलाल, केवल कुमार, मनोज कुमार, लियाकत, ओमप्रकाश, चैन सिह, हरीश, लक्ष्मण सिंह, यशपाल, भूपेंद्र, नरेंद्र कुमार और छविराम का कहना है कि कहा कि उपमंडल चुराह में कहीं पर भी कोई सड़क दुर्घटना होती है, तो स्थानीय अस्पताल तीसा ही लाया जाता है। मगर यहां सीटी स्कैन सुविधा न होने के कारण चंबा रेफर करना पड़ता है।
इस वजह से सबसे अधिक परेशानी गर्भवती महिलाओं को झेलनी पड़ती है। अल्ट्रासाउंड की सुविधा न होने के कारण महिलाओं को टेस्ट करवाने के लिए 50 किमी दूर जिला मुख्यालय जाना पड़ता है। यह मार्ग लंबा होने के साथ-साथ दुर्गम परिस्थितियों की वजह से खासा कठिन रहता है। इसके साथ ही पैसे और समय दोनों की बर्बादी भी होती है। टेस्टों की सुविधा न होने के कारण चिकित्सकों को मरीजों का उपचार करने में भी परेशानी आती है। स्थानीय लोगों तीसा प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग से मांग की है कि तीसा अस्पताल में जल्द अल्ट्रासाउंड व सीटी स्कैन की व्यवस्था की जाए। ताकि किसी प्रकार की दिक्कत का सामना न करना पड़े।
एसडीएम तीसा हेमचंद वर्मा का कहना है कि इस बारे में स्वास्थ्य विभाग से बात की गई है। विभाग ने बजट को लेकर प्रस्ताव भेजा गया है। बजट का प्रावधान होते ही यह सुविधा अस्पताल में शुरू कर दी जाएगी।