अमर उजाला ब्यूरो
डलहौजी(चंबा)। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला डलहौजी में आयोजित त्रैमासिक बैठक में अनुपस्थित रहने पर उच्च शिक्षा विभाग ने छह स्कूलों के प्रमुखों को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं। नोटिस के बाद अब स्कूलों को सात दिनों के भीतर जवाब देना होगा। संतोषजनक जवाब न आने पर विभाग संबधित स्कूल प्रभारियों पर नियमानुसार कार्रवाई करेगा। शिक्षा विभाग की कार्रवाई से हड़कंप मच गया है।
जानकारी के अनुसार वीरवार को डलहौजी स्कूल में भटियात और डलहौजी विस क्षेत्र के तहत आते सरकारी स्कूलों की त्रैमासिक बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता उच्च शिक्षा उपनिदेशक देवेंद्र पॉल ने की। जबकि नोडल ऑफिसर अरविंद शर्मा, दर्शन जसरोटिया, सुरेश कुमार व पंकेश ठाकुर मौजूद रहे। बैठक में एजेंडा वाइज मुद्दों पर चर्चा की गई।
इसके साथ ही स्कूलों की समीक्षा की गई। इसकी अध्यक्षता करते हुए उच्च शिक्षा उपनिदेशक देवेंद्र पॉल ने स्कूल प्रभारियों को सख्त आदेश दिए कि अधूरी डाक भेजने वाले स्कूल प्रभारी चार दिनों के भीतर त्रुटियां दुरुस्त करें। उपनिदेशक ने कहा कि इस मामले में लेटलतीफी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रभारियों को यह भी आदेश दिए कि स्कूलों में सीसीटीवी लगाने की ओर विशेष ध्यान दें। इसमें विभागीय योजनाओं का सलीके से क्रियान्वयन करने के बारे भी उच्च शिक्षा उपनिदेशक ने निर्देश दिए।
इन स्कूलों को जारी किए नोटिस
भटियात क्षेत्र के तहत आते सीनियर सेकेंडरी स्कूल होबार, मन्हुता, रखेड़, थुलेल और डलहौजी क्षेत्र के तहत सीनियर सेकेंडरी स्कूल लिग्गा और हाई स्कूल ढलोगा को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इन स्कूलों ने बैठक में उपस्थिति नहीं दी है। इस पर विभाग ने यह कार्रवाई की है।
इनसेट
उच्च शिक्षा उपनिदेशक देवेंद्र पॉल ने बताया कि बैठक मे भाग न लेने वाले छह स्कूलों के प्रमुखों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। उन्होंने कहा कि सात दिनों के भीतर स्कूलों को अपना जवाब देना होगा। इसके अलावा डाक में त्रुटियां दुरुस्त करने के लिए स्कूल प्रभारियों को चार दिन का समय दिया गया है।