चंबा। सरकारी स्कूलों की त्रैमासिक बैठक में भाग न लेने वाले स्कूल प्रभारियों को उच्च उपनिदेशक ने कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं। इन स्कूलों के प्रभारियों को सात दिनों के भीतर बैठक में अनुपस्थित होने का कारण बताना होगा। कारण नहीं बताने वाले स्कूल प्रभारियों के खिलाफ शिक्षा विभाग की ओर से नियमानुसार कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। स्कूल प्रभारियों को इस कार्रवाई से बचने के लिए समय पर नोटिस का जवाब देना होगा। बैठक में स्कूलों के विकास में महत्वपूर्ण चर्चा और विचार-विमर्श होना था। जो आज तक नहीं हो पाया है।
जिले भर के 236 उच्च और वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला के प्रभारियों को त्रैमासिक बैठक में भाग लेने के लिए फरमान दिए थे। इसको लेकर सभी स्कूल प्रभारियों को एक महीने पहले ही सूचना दे दी गई थी। मगर बैठक में 33 स्कूलों के प्रभारियों ने आना जरूरी नहीं समझा। इसमें 21 उच्च पाठशाला और 12 रावमापा के प्रभारी शामिल हैं।
इन स्कूलों के प्रभारियों को जारी हुए नोटिस
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बनेटा, चीलबंगला, देवीकोठी, गरोहन, गोला, जसौरगढ़, कुनरा, लाहरा, मउआ, रखेड, सनवाल व थुलेल, राजकीय उच्च पाठशाला भद्रोह, चनानू, चड़ी, दियोल, दरेकड़ी, द्रम्मण, गुराड़, हिमगिरी, जटकरी, खडर, कुरैणा, कुनेड, करवाल, नैला, औड़ा, पणताह, पुखरी, सरार, सठली, सांह और टिक्कर स्कूल प्रभारियों को नोटिस जारी हुए हैं।
उच्च शिक्षा उपनिदेशक देविंद्र पाल ने बताया कि त्रैमासिक बैठक में अनुपस्थित रहने वाले स्कूल प्रभारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। बैठक में स्कूल प्रभारियों का भाग लेना अनिवार्य था। अनुपस्थित अध्यापकों ने नहीं आने की कोई सूचना नहीं दी गई थी। इसके चलते यह नोटिस जारी किए गए।