चांजू (चंबा)। राजकीय प्राथमिक पाठशाला डिंम छह महीने से मात्र एक अध्यापक के सहारे चल रही है। इस वजह से अध्यापकों की कमी छात्रों की पढ़ाई पर भारी पड़ रही है। मौजूदा समय में पाठशाला में 48 छात्र-छात्राएं शिक्षा ग्रहण कर रही हैं। शिक्षकों की कमी की वजह से उनकी उचित पढ़ाई नहीं हो पा रही है। इसको लेकर अभिभावक भी चिंतित हैं। उन्हें बच्चों के भविष्य की चिंता सता रही है।
स्कूल में तैनात एक अध्यापक को बच्चों को पढ़ाने के साथ-साथ मिड-डे मील सहित अन्य जरूरी कार्य भी देखने पड़ रहे हैं। अभिभावक चैन सिंह, योगराज, कमल कुमार, सोभिया राम, हंसराज, मान सिंह, टेक चंद और रवि कुमार ने सरकार और प्रशासन से मांग की है कि उपरोक्त स्कूल में जल्द से जल्द अध्यापक की तैनाती की जाए। ताकि छात्रों की पढ़ाई पर कोई बुरा असर न पड़े।
स्थानीय लोग इस पाठशाला को अपग्रेड करवाने की की सोच रहे हैं। क्योंकि उच्च शिक्षा की पढ़ाई करने के लिए छात्रों को पांच किमी दूर चांजू जाना पड़ता है। उन्होंने कहा कि प्राथमिक पाठशाला में अध्यापक नहीं है, अगर दर्जा बढ़ा तो बच्चों की पढ़ाई पर इसका विपरीत असर ही पड़ेगा। इस कारण लोग इस मांग को नहीं उठा रहे हैं।
एसएमसी अध्यक्ष गोकुल ने बताया कि अध्यापकों की कमी के बारे में शिक्षा विभाग को कई बार अवगत करवाया जा चुका है। मगर अभी तक अध्यापक की तैनाती नहीं हो पाई है। एसएमसी का प्रतिनिधिमंडल दोबारा जिलाधीश से इस मामले को लेकर मिलेगा।