चुनावों का बिगुल बजा, पर प्रचार थमा
कांग्रेस, भाजपा में टिकट फाइनल न होने के चलते लगी ब्रेक
अमर उजाला ब्यूरो
चंबा।
प्रदेश में चुनावों का बिगुल बजने के बाद भी खामोशी छाई हुई है। कांग्रेस और भाजपा की ओर से विधानसभा चुनाव के लिए प्रत्याशी चयनित न होने के कारण प्रचार पर ब्रेक लग गई है। प्रत्याशी असमंजस में है कि टिकट मिलेगी या नहीं। इससे अभी टिकट पर ही निगाहें है। प्रचार थम गया है। इससे प्रत्याशियों की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। टिकटें फाइनल नहीं होने से प्रत्याशी चुनाव प्रचार नहीं कर पा रहे हैं। हालांकि कार्यकर्ता पार्टी का प्रचार कर रहे हैं लेकिन उनमें भी वह जोश नजर नहीं आ रहा। डोर टू डोर प्रचार अभियान प्रत्याशी घोषित होने के बाद ही शुरू हो पाएगा। सोमवार से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई है लेकिन प्रत्याशियों की सूची फाइनल न होने से किसी ने भी नामांकन दाखिल नहीं किया। जनजातीय क्षेत्र भरमौर और पांगी में लोगों की पार्टी की टिकट के आवंटन पर निगाहें टिकी हुई हैं। लोग प्रत्याशी का नाम घोषित होने के बाद ही अपने विचार रखेंगे। चर्चा है कि सोमवार शाम तक दोनों पार्टियां अपने प्रत्याशियों के नाम पर मुहर लगा सकती हैं।
भरमौर-पांगी विस क्षेत्र में करीब 70 हजार मतदाता हैं। प्रत्याशियों को इन मतदाताओं से संपर्क साधने के लिए काफी कम समय बचा है। प्रत्याशियों को अपने चुनाव प्रचार के लिए काफी दौड़ धूप करनी पड़ेगी। भरमौर विस क्षेत्र का पांगी क्षेत्र ऐसा है जहां पर 17 पंचायतें हैं। इन पंचायतों के मतदाता ही प्रत्याशी की हार जीत का फैसला करते हैं। पांगी आने जाने में कम से कम तीन दिन का समय लगता है। ऐसे में प्रत्याशियों को पांगी में प्रचार करने में काफी परेशानी हो सकती है।