फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अस्पताल की टूटी खिड़कियां देख भड़के विस उपाध्यक्ष

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

चंबा। चंबा मेडिकल कॉलेज की चौथी मंजिल के वार्ड में ड्यूटी दे रहीं स्टाफ नर्सों को स्वाइन फ्लू
संक्रमण से बचने के लिए एन-95 मास्क नहीं दिए जा रहे हैं। स्टाफ नर्सों ने यह समस्या अस्पताल का निरीक्षण करने पहुंचे विस उपाध्यक्ष हंसराज के समक्ष उठाई। विस उपाध्यक्ष ने कहा कि मरीजों की देखभाल करने वाली स्टाफ नर्सों की सुरक्षा का जिम्मा अस्पताल प्रबंधन का है। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। स्टाफ नर्सों को स्वाइन फ्लू मास्क उपलब्ध करवाने के लिए उन्होंने चिकित्सा अधीक्षक को निर्देश दिए। विधानसभा उपाध्यक्ष शनिवार को जब चंबा मेडिकल कॉलेज का दौरा कर रहे थे तो उस दौरान उनके समक्ष कई खामियां उजागर हुईं। इसको दूर करने के लिए उन्होंने प्रबंधन को दिशा निर्देश दिए। विस उपाध्यक्ष जब अस्पताल की चौथी मंजिल के वार्ड का दौरा कर रहे थे तो वहां पर मरीजों ने एक बेड पर दो-दो मरीज लेटाए जाने से पैदा हो रही समस्या को उनके समक्ष उठाया। इसके समाधान को लेकर उपाध्यक्ष ने प्रबंधन को निर्देश जारी किए। इस दौरान उन्होंने मरीजों को परोसे जाने वाले खाने की गुणवत्ता भी जांची। मरीजों को परोसे जा रहे दाल चावल से लेकर अन्य खाद्य पदार्थों को चेक किया। वहीं वार्ड की खिड़कियों पर लटके गत्तों को देख विस उपाध्यक्ष भड़के गए। टूटी खिड़कियों पर मरीजों ने हवा से बचने के लिए गत्ते लगा रखे थे। इसको लेकर उपाध्यक्ष ने चिकित्सा अधीक्षक को निर्देश दिए कि दस दिनों के भीतर टूटी खिड़कियों को दुरुस्त करवाया जाए।

जरूरत मुताबिक उपलब्ध करवाएं निमोलाइजर
वार्ड में मरीजों की आवश्यकता अनुसार निमोलाइजर उपलब्ध न होने पर विस उपाध्यक्ष ने वार्ड स्टाफ को फटकार लगाई क्योंकि वार्ड में एक निमोलाइजर से वाष्प लेने के लिए मरीज कतारों में खड़े थे। जबकि, एमएस ने उपाध्यक्ष को अवगत करवाया कि उनके पास पचास निमोलाइजर उपलब्ध हैं। वार्ड स्टाफ को उनकी मांग अनुसार निमोलाइजर दिए गए हैं। स्टाफ को निर्देश दिए गए कि वे मरीजों की जरूरत को देखते हुए ज्यादा निमोलाइजर उपयोग में लाएं।
विज्ञापन
विज्ञापन

दुर्व्यवहार करने वाले निजी सुरक्षा कर्मी होंगेे बाहर
विस उपाध्यक्ष ने निजी सिक्योरिटी इंचार्ज को निर्देश देते हुए कहा कि सिक्योरिटी का महिला स्टाफ मरीजों और तीमारदारों के साथ अच्छा व्यवहार नहीं कर रहा है। ऐसा व्यवहार करने वाले कर्मचारियों को नौकरी से निकाला भी जा सकता है क्योंकि वे मरीजों और तीमारदारों की सुरक्षा के लिए नियुक्त किए गए हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें