पंकज सलारिया
चंबा। किहार और सलूणी क्षेत्र के तहत आते सरकारी स्कूलों के विद्यार्थी अंग्रेजी विषय में कमजोर हैं। इन सरकारी स्कूलों के हालात ऐसे है कि अंग्रेजी का कोई वाक्य में ट्रांसलेट करने के लिए दिया जाए तो विद्यार्थी चिंता में पड़ जाते हैं। इस बात का खुलासा इंस्पेक्शन विंग चंबा की टीम द्वारा सलूणी क्षेत्र के विभिन्न स्कूलों में किए गए औचक निरीक्षण के दौरान हुआ। टीम ने इंग्लिश के टेंस के बारे में छात्र-छात्राओं से पूछा तो स्कूली विद्यार्थी इधर उधर झांकने लगे। इंस्पेक्शन विंग चंबा की टीम ने बीते तीन दिनों में सलूणी व किहार इलाके के अधीन आने वाले सीनियर सेकेंडरी स्कूल टिकरू संघणी, भांदल, प्रियुंगल, डियूर, चकौली, तेलका, मलान, पणताह, करवाल, अथेड़, तेलका, लिग्गा में दबिश दी। इस दौरान छात्रों को इंग्लिश विषय के बारे पूछा तो बच्चे कोई भी जवाब नहीं दे पाए। इंस्पेक्शन विंग ने इन बच्चों की इंग्लिश में काफी खामियां पाई और स्कूल स्टाफ को इस बारे बल देने संबंधी निर्देश दिए।
प्रियुंगल स्कूल एसएमसी शिक्षक के हवाले
निरीक्षण के दौरान सामने आया है कि प्रियुंगल स्कूल एक ही एसएमसी अध्यापक के सहारे है। यहां स्थायी अध्यापक की नियुक्ति अब तक नहीं हो पाई है। इसके अलावा सीनियर सेकेंडरी स्कूल में भी 11 अध्यापकों के पद रिक्त हैं। ऐसे में यहां शिक्षा व्यवस्था काफी प्रभावित हो रही है।
अंग्रेजी में कमजोर हैं विद्यार्थी: जलालदीन
इंस्पेक्शन विंग के उपनिदेशक जलालदीन ने बताया कि सलूणी व किहार के स्कूलों के बच्चे इंग्लिश विषय में काफी कमजोर है। स्टाफ को इस बारे जरूरी दिशा-निर्देश दिए गए हैं। साथ ही क्षेत्र के स्कूलों में स्टाफ की भी कमी है। इसकी रिपोर्ट बना दी गई है।